(PM Kisan Yojana/ Image Credit: IBC24 News)
नई दिल्ली: PM Kisan Yojana: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत 22वीं किश्त जारी हो चुकी है और अब देशभर के किसान 23वीं किश्त का इंतजार कर रहे हैं। इस योजना में पात्र किसानों को हर साल 6,000 रुपये तीन बराबर किश्तों में दिया जाता है। लेकिन कई बार जरूरी दस्तावेजों और जानकारी में गड़बड़ी के कारण भुगतान अटक जाता है और लाभ रूक सकता है।
सरकार ने सभी लाभार्थी किसानों के लिए ई-केवाईसी कराना जरूरी कर दिया है। अगर किसी किसान ने यह प्रक्रिया पूरी नहीं की है तो उसकी अगली किश्त रुक सकती है। ई-केवाईसी के बिना भुगतान जारी नहीं किया जाएगा। किसान इसे आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाकर आसानी से पूरा कर सकते हैं। इसके लिए आधार और मोबाइल नंबर जरूरी होता है।
कई बार किसानों के आधार कार्ड और बैंक खाते की जानकारी में अंतर होने की वजह से पैसा अटक जाता है। नाम की स्पेलिंग गलत होना, आधार का बैंक खाते से लिंक न होना या गलत खाता नंबर दर्ज होना जैसी समस्याएं भुगतान में बाधा डालती हैं। इसलिए सभी किसानों को अपनी बैंक और आधार डिटेल समय पर सही और अपडेट रखनी चाहिए।
सरकार अब जमीन के रिकॉर्ड यानी लैंड सीडिंग की जांच पर विशेष ध्यान दे रही है। जिन किसानों के भूमि दस्तावेज सही तरीके से अपडेट या सत्यापित नहीं हैं उनका नाम लाभार्थी सूची से हटाया जा सकता है। इसलिए किसानों को अपने जमीन से जुड़े सभी रिकॉर्ड को सही और वैरिफाइड रखना बेहद जरूरी है ताकि किसी भी तरह की परेशानी से बचा जा सके।
किसान pmkisan.gov.in वेबसाइट पर जाकर अपने आवेदन की स्थिति देख सकते हैं। ‘Know Your Status’ विकल्प में जाकर वे ई-केवाईसी, आधार लिंक और भूमि रिकॉर्ड की जानकारी चेक कर सकते हैं। ई-केवाईसी के लिए आधार नंबर डालकर ओटीपी से प्रक्रिया पूरी की जा सकती है। अगर मोबाइल लिंक नहीं है तो नजदीकी CSC सेंटर पर जाकर बायोमेट्रिक तरीके से भी यह काम किया जा सकता है। समय पर ये सभी जरूरी काम पूरे करने से 23वीं किश्त बिना रुकावट सीधे खाते में आ सकती है।