निजी अस्पतालों की मनमानी पर लगेगी रोक, प्रशासन ने तय किया इलाज का चार्ज, नई गाइडलाइन जारी…देखिए

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निजी अस्पतालों की मनमानी पर लगेगी रोक, प्रशासन ने तय किया इलाज का चार्ज, नई गाइडलाइन जारी...देखिए

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  • Publish Date - September 5, 2020 / 10:52 AM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:14 PM IST

इंदौर। मध्यप्रदेश के हेल्थ कैपिटल इंदौर में कोरोना के इलाज़ में की जा रही निजी अस्पतालों की मनमानी लूट पर अब प्रशासन ने शिकंजा कस दिया है। जिला और स्वास्थ्य विभाग ने चार दिन के मंथन के बाद अब नई गाइडलाइन जारी कर दी हैं। निजी अस्पतालों में कोरोना के इलाज़ में मांगी जा रही लाखों की रकम पर अब नियमानुसार ही चार्ज लग सकेगा। हालांकि निजी अस्पताल रूम रेंट पर पहले से अधिकतम 40 फीसदी ज्यादा वसूल कर सकेंगे। इसमें आइसोलेशन चार्ज,यूनिवर्सल प्रोटेक्शन,कोरोना इन्सेटिव चार्ज शामिल रहेगा।

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दरअसल अस्पताल में अब पीपीई किट से लेकर ऑक्सीजन,खाद्य एवं डिस्पोजल आयटम,कसल्टेंट फीस,कोविड बायोमेडिकल वेस्ट सहित अन्य खर्चों की दरें तय कर दी गई हैं। सबसे अधिक लूट पीपीई किट में आ रही थी, जिसकी कीमत अब 1500 रुपए प्रति मरीज कर दी गई है। इसमें डॉक्टर, प्रभारी ड्यूटी डॉक्टर, नर्स, पैरामेडिकल स्टाफ, हाउस कीपिंग,लैब तकनीशियन, सिक्योरिटी गार्ड की किट भी शामिल रहेगी। खाद्य व डिस्पोजल आइटम-अधिकतम 750 रुपये में भोजन,नाश्ता,चाय प्रतिदिन साथ ही तकिया कवर रोजाना बदलना जरूरी है।

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ऑक्सीजन-सामान्य ऑक्सीजन के लिए 1500 रुपये व हाई फ्लो पर अधिकतम 2500 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से लगेंगे..डॉक्टर कंसल्टेशन फीस-जो भी अस्पताल मरीजों से फीस ले रहे हैं, वो 7 से 10 दिनों में डॉक्टर को देंगे। कोविड बायोमेडिकल वेस्ट में एजेंसी पहले 50 से 100 रुपए वसूलती थी,लेकिन अब 45 रुपये से अधिक नहीं लिए जा सकेंगे। रूम रेंट में फरवरी में जो दरें थीं उसमें अब 40% की बढ़ोतरी अस्पताल कर सकेंगे। इसमें आइसोलेशन चार्ज,यूनिवर्सल प्रोटेक्शन,कोरोना इन्सेटिव चार्ज शामिल रहेगा।

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स्वास्थ्य कोविड अधिकारी का कहना है कि मानक दरें तय होने से निजी अस्पतालों की मनमानी पर रोक लगेगी और मरीजों को राहत मिल सकेगी। नियम का उलघंन पर कारवाई भी की जाएगी।