(Stock Market Today 14 Aug 2026/ Image Credit: AI-generated)
नई दिल्ली: Stock Market Today 14 Aug 2026: ग्लोबल मार्केट में तेजी और कच्चे तेल की कीमतों में नरमी के बावजूद आज शुक्रवार को भारतीय शेयर बाजार (Stock Market Today 14 Aug 2026) की शुरुआत कमजोर हो सकता है। गिफ्ट निफ्टी करीब 24,440 के स्तर पर ट्रेड कर रहा था, जो निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले बंद भाव से करीब 25 अंक नीचे है। इससे निफ्टी 50 और सेंसेक्स में शुरुआती दबाव के संकेत मिल रहे हैं। पिछले कारोबारी सत्र में बाजार का प्रदर्शन मिला जुला रहा।
शुक्रवार को ज्यादातर एशियाई बाजारों में तेजी देखने को मिली। इसका कारण अमेरिकी शेयर बाजार में रातभर की बढ़त और टेक्नोलॉजी शेयरों में मजबूती रहा। जापान का निक्केई 225 करीब 1.87% ऊपर रहा, जबकि टॉपिक्स में 0.98% की तेजी आई। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 2.36% उछला, वहीं कोस्डैक करीब 0.89% नीचे रहा। दूसरी ओर हांगकांग के हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स ने कमजोर शुरुआत के संकेत दिए। ऐसे में भारतीय बाजार (Stock Market Today) के लिए मिले-जुले संकेत मिल रहे हैं।
अमेरिकी शेयर बाजार (US Stock Market) में गुरुवार को जोरदार तेजी रही। जुलाई के कमजोर उत्पादक मूल्य आंकड़ों के बाद निवेशकों को उम्मीद बढ़ी कि फेडरल रिजर्व ब्याज दरों को लेकर ज्यादा सख्त रुख नहीं अपनाएगा। इस उम्मीद से शेयर बाजार को सपोर्ट मिला। एसएंडपी 500 में 0.65% की बढ़त रही और यह रिकॉर्ड ऊंचाई पर बंद हुआ। नैस्डैक 0.81% चढ़ा, जबकि डाओ जोन्स में 0.13% की मामूली तेजी रही। अमेरिकी बाजार की यह मजबूती एशियाई शेयर बाजारों के लिए भी पॉजिटिव संकेत है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नई टैरिफ घोषणाएं भी निवेशकों के फोकस पर रहेंगी। ट्रंप प्रशासन ने मानवरहित ड्रोन और उनके पुर्जों के आयात पर 100% तक शुल्क लगाने का ऐलान किया है जो 21 दिनों में लागू होने वाला है। इसके अलावा अमेरिकी अंतर्राष्ट्रीय व्यापार न्यायालय से जुड़े एक फैसले में 800 डॉलर से कम के कुछ आयात पर मिलने वाली ‘डी मिनिमिस’ छूट को खत्म करने के फैसले को समर्थन मिला है। इससे वैश्विक व्यापार को लेकर अनिश्चितता बढ़ सकती है।
कच्चे तेल की कीमतों (Crude Oil Prices) में भी लगातार कमजोरी बनी हुई है। कमजोर वैश्विक मांग और अमेरिकी कच्चे तेल के भंडार में तेज बढ़ोतरी से कीमतों पर दबाव है। ब्रेंट क्रूड करीब 87 डॉलर प्रति बैरल और अमेरिकी डब्ल्यूटीआई करीब 81.20 डॉलर प्रति बैरल पर रहा। दोनों में पिछले सत्र में 2% से ज्यादा की गिरावट आई थी। सस्ता तेल भारत जैसे बड़े आयातक देश के लिए राहत दे सकता है, लेकिन आज बाजार की दिशा ट्रंप के टैरिफ, अमेरिकी आंकड़ों और एशियाई बाजारों की चाल से तय होगी।
नोट:-शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।