बहराइच (उप्र), 20 मई (भाषा) बहराइच के जिलाधिकारी अक्षय त्रिपाठी ने महिला शिक्षा के लिए काम करने वाली नैना चौहान को यहां सम्मानित किया जिन्हें हाल में लंदन में ‘अमल क्लूनी वीमेंस एम्पावरमेंट अवॉर्ड’ से नवाजा गया था।
रिसिया विकास खंड के पटेल नगर गांव की निवासी 23 वर्षीय नैना लंदन से लौटने के बाद मंगलवार को जिलाधिकारी कार्यालय में त्रिपाठी से मिली।
त्रिपाठी ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि यह अंतरराष्ट्रीय सम्मान पूरे जिले के लिए गर्व की बात है और इससे ‘आकांक्षी’ जिले में महिला सशक्तीकरण के प्रयासों को नई गति मिलेगी।
उन्होंने कहा, ‘‘मुझे पूरा भरोसा है कि जिले की महिलाएं नैना और आरती जैसी बेटियों से प्रेरणा लेंगी, आत्मनिर्भरता का रास्ता चुनेंगी और सफलता की नयी कहानियां लिखेंगी।’’
नैना को यह पुरस्कार लंदन के रॉयल अल्बर्ट हॉल में किंग्स ट्रस्ट के एक कार्यक्रम में महिलाओं और किशोरियों के अधिकारों तथा शिक्षा के क्षेत्र में उनके काम के लिए दिया गया।
अधिकारियों ने बताया कि हाल के वर्षों में यह दूसरी बार है जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बहराइच के महिला सशक्तीकरण के प्रयास को सराहा गया है।
इससे पहले, 2024 में जिले की एक अन्य महिला आरती को पिंक ई-रिक्शा पहल के जरिए महिलाओं के लिए सुरक्षित परिवहन को बढ़ावा देने के लिए लंदन में यही पुरस्कार मिला था।
इस साल समारोह में अमल क्लूनी, जॉर्ज क्लूनी, शार्लोट टिलबरी और रॉड स्टीवर्ट सहित कई अंतरराष्ट्रीय हस्तियों ने शिरकत की।
इस कार्यक्रम में नैना को महाराजा चार्ल्स तृतीय और महारानी से मिलने का भी अवसर मिला।
‘किंग्स ट्रस्ट इंटरनेशनल’ और ‘आगा खान फाउंडेशन’ द्वारा समर्थित ‘प्रोजेक्ट लहर’ से जुड़ी नैना ने आर्थिक कठिनाइयों के बावजूद अपनी पढ़ाई जारी रखी। उन्होंने खेतों में काम किया और बच्चों को ट्यूशन पढ़ाया, साथ ही छात्रवृत्ति की मदद से अपनी पढ़ाई पूरी की।
फिलहाल वह एक जीवन कौशल प्रशिक्षक के तौर पर काम कर रही हैं और ग्रामीण किशोरियों में शिक्षा, आत्मनिर्भरता तथा बाल विवाह जैसे सामाजिक मुद्दों के प्रति जागरुकता फैला रही हैं।
इस सम्मान पर नैना ने कहा कि यह पुरस्कार केवल उनका नहीं, बल्कि उन सभी लड़कियों का है जो अपने सपने पूरे करने के लिए मुश्किलों से लड़ रही हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘कभी उम्मीद नहीं छोड़नी चाहिए। अवसरों का सही उपयोग करके हर लड़की अपनी सफलता की कहानी खुद लिख सकती है।’’
उन्होंने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय ‘प्रोजेक्ट लहर’ और ‘किंग्स ट्रस्ट इंटरनेशनल’ के सहयोग को दिया।
‘अमल क्लूनी वीमेंस एम्पावरमेंट अवॉर्ड’ किंग्स ट्रस्ट इंटरनेशनल द्वारा दिया जाने वाला एक वैश्विक सम्मान है। यह 18 से 30 वर्ष की उन असाधारण युवतियों को दिया जाता है, जिन्होंने विकट परिस्थितियों से उबरकर अपने समाज को बदलने में अहम भूमिका निभाई हो।
भाषा सं जफर मनीषा खारी
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