लखनऊ, 21 जुलाई (भाषा) उत्तर प्रदेश सरकार भारतीय ज्ञान परंपरा को बढ़ावा देने के लिए राज्य के विश्वविद्यालयों और अनुदानित महाविद्यालयों को शोधपीठ की स्थापना के लिए क्रमश: दो करोड़ रुपये और एक करोड़ रुपये का अनुदान देगी।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई।
उत्तर प्रदेश सरकार के उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने पत्रकारों को बताया कि प्रत्येक विश्वविद्यालय और अनुदानित महाविद्यालयों में भारतीय ज्ञान परंपरा को शिक्षा के विभिन्न स्तरों पर समावेशित किये जाने के लिए शोध पीठ की स्थापना के लिए अनुदान देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
उन्होंने कुछ उदाहरण के साथ बताया कि अगर आर्यभट्ट के साहित्य पर कोई शोध पीठ की स्थापना करना चाहता है या राजनीति और अर्थनीति में चाणक्य के दर्शन पर, तो उसके लिए आर्यभट्ट शोध पीठ या चाणक्य शोध पीठ की स्थापना की पहल कर सकता है।
उन्होंने बताया कि वेद शोध पीठ या जो भी विश्वविद्यालय और महाविद्यालय जैसा करना चाहें, उसके लिए दो करोड़ रुपये रुपये तक विश्वविद्यालयों को और एक करोड़ रुपये महाविद्यालयों को सरकार अनुदान देगी।
उन्होंने बताया कि इसमें यह प्रावधान होगा कि यह अनुदान सावधि जमा होगा और इसके ब्याज से शोध पीठ का कार्य संचालित होगा। उन्होंने कहा कि इसमें वह (संस्थान) चाहें तो इस अनुदान को बढ़ाने के लिए अपने स्तर से प्रयास भी कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि अभी तक विश्वविद्यालयों को ही यह उपलब्ध हो रहा था लेकिन अब 50 वर्ष पूरे कर चुके महाविद्यालयों जिनमें पांच हजार से ऊपर छात्र हैं, उनकी मांग पर सरकार मदद करेगी।
मंत्री ने बताया कि इसमें भारतीय सभ्यता, वेद, उपनिषद, आयुर्वेद, योग, गणित, खगोल शास्त्र, व्याकरण जैसे विषयों पर ज्ञान को पुनजीर्वित करने के लिए यह व्यवस्था की जाएगी।
मंत्री ने एक अन्य प्रस्ताव के बारे में बताया कि वाराणसी के राजघाट में बसंत महिला महाविद्यालय में नये छात्रावास के लिए मंत्रिमंडल ने त्वरित आर्थिक विकास योजना के तहत दो करोड़ 48 लाख रुपये से अधिक की लागत से छात्रावास के निर्माण को मंजूरी दे दी है।
उन्होंने बताया कि इस अति प्राचीन महाविद्यालय में 220 छात्राओं के लिए छात्रावास की सुविधा थी और इसकी संख्या कम होने से दूर दराज से आने वाली छात्राओं को असुविधा होती थी। उन्होंने कहा कि अब त्वरित आर्थिक विकास योजना के तहत महिला छात्रावास का निर्माण कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि इससे 112 छात्राओं को लाभ मिलेगा और उन्हें आवासीय सुविधा मिलेगी और मनोवैज्ञानिक संबल भी मिलेगा।
भाषा आनन्द शफीक अमित
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