Fake Honey News: नकली पनीर के बाद अब 15000 किलो नकली शहद, कहीं आपने भी तो नहीं खरीद लिया ये फर्जी सामान, खाने से हो सकती है ऐसी लाइलाज बीमारियां

Fake Honey News: नकली पनीर के बाद अब 15000 किलो नकली शहद, कहीं आपने भी तो नहीं खरीद लिया ये फर्जी सामान, खाने से हो सकती है ऐसी लाइलाज बीमारियां

Fake Honey News: नकली पनीर के बाद अब 15000 किलो नकली शहद, कहीं आपने भी तो नहीं खरीद लिया ये फर्जी सामान, खाने से हो सकती है ऐसी लाइलाज बीमारियां

Fake Honey News: नकली पनीर के बाद अब 15000 किलो नकली शहद, कहीं आपने भी तो नहीं खरीद लिया ये फर्जी सामान, खाने से हो सकती है ऐसी लाइलाज बीमारियां / Image : IBC24 Customized

Modified Date: April 16, 2026 / 10:28 am IST
Published Date: April 16, 2026 10:28 am IST
HIGHLIGHTS
  • 15,000 किलो नकली शहद जब्त
  • करीब 22 लाख का फर्जी माल
  • स्वास्थ्य के लिए खतरनाक

हापुड़: Fake Honey News भारत में इन दिनों नकली सामानों का कारोबार धड़ल्ले से फल-फूल रहा है। नकली पनीर, मिठाई और खोवा तो आम बात हो गई है, अब बड़े ब्रांड्स के नकली सामान बाजरों में खुलकर बिक रहे हैं। और तो और अब जीवनरक्षक दवाएं भी बाजार में नकली आने लगे हैं। हाल ही में नकली दवा बनाने वालों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई हुई है। वहीं, अब नकली शहद बनाने के ठिकाने का भंडाफोड़ हुआ है। खाद्य विभाग की टीम ने मौके से 15 हजार किलो शहद जब्त की है। वहीं, लैब में जांच कराए जाने के बाद जब्त शहद के नकली होने की पुष्टि हुई है।

22 लाख का नकली शहद

Fake Honey News मिली जनकारी के अनुसार 6 जनवरी 2026 को खाद्य विभाग की टीम ने हापुड़ देहात क्षेत्र के नवीन मंडी के पास स्थित एक गोदाम पर दबिश देकर भारी मात्रा में शहद जब्त की थी। अधिकारियों को सूचना मिली थी कि यहां नकली शहद का स्टॉक किया गया है। सूचना के आधार पर दबिश देकर अधिकारियों 15000 किलो शहद जब्त किया था। जब्त शहद की कीमत करीब 22 लाख रुपए के आस—पास थी। शहद नकली है या असली इस बात की पुष्टि के लिए विभाग की ओर से जब्त माल को जांच के लिए लैब भेजे गए, जहां रिपोर्ट में ये बताया गया कि ये पूरी तरह नकली शहद है।

दवा बनाने के लिए नकली शहद का उपयोग

सहायक आयुक्त खाद्य सुनील कुमार ने बताया कि यह मिलावटी शहद हरियाणा से मंगाया गया था और इसकी सप्लाई आंध्र प्रदेश में की जानी थी। सबसे चिंताजनक बात यह है कि इस जहरीले शहद का उपयोग केवल सीधे उपभोग के लिए ही नहीं, बल्कि विभिन्न खाद्य पदार्थों, आयुर्वेदिक दवाओं और खांसी के सिरप बनाने में भी किया जाना था, जो स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकता था।

राइस सिरप मिलाकर बनता था नकली शहद

खाद्य विभाग के अनुसार, राइस सिरप युक्त यह मिलावटी शहद मानव शरीर के अंगों को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है। उन्होंने बताया कि शहद का उपयोग अक्सर एक औषधि के रूप में किया जाता है, लेकिन यदि इसमें मिलावट हो तो यह लाभ के बजाय भारी नुकसान पहुंचाता है। यह नकली शहद ब्लड शुगर के स्तर को तेजी से बढ़ा सकता है। रोग प्रतिरोधक क्षमता को कम करता है और शरीर में पोषण की कमी का कारण बनता है। विभाग अब इस मामले में शामिल दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की तैयारी में जुट गया है।

रायपुर में नकली पनीर का भंडार

बता दें कि हाल ही में छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में नकली पनीर का अवैध कारोबार करने वालों का खुलासा हुआ है। बात करें ​पिछले करीब डेढ़ साल में नकली पनीर बनाने वालों के खिलाफ हुई कार्रवाई की तो खद्य विभाग ने बिरगांव, उरला, धनेली, निमोरा और भाठागांव क्षेत्रों की 8 फैक्ट्रियों पर छापेमारी कर 15 हजार किलो से अधिक पनीर जब्त कर नष्ट कराया है।

नकली शहद से होने वाले गंभीर नुकसान

प्रभावित क्षेत्र होने वाला नुकसान
ब्लड शुगर राइस सिरप के कारण शरीर में शुगर का स्तर अचानक और तेजी से बढ़ता है।
इम्यूनिटी इसके सेवन से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) कमजोर हो जाती है।
पोषण असली शहद के प्राकृतिक लाभ नहीं मिलते, जिससे शरीर में पोषण की कमी हो जाती है।
अंगों पर प्रभाव लंबे समय तक सेवन से लिवर और किडनी जैसे महत्वपूर्ण अंगों को नुकसान पहुँच सकता है।

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सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः

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"दीपक दिल्लीवार, एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 10 साल का एक्सपीरिएंस है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक ऑनलाइन समाचार वेबसाइट से की थी, जहां उन्होंने राजनीति, खेल, ऑटो, मनोरंजन टेक और बिजनेस समेत कई सेक्शन में काम किया। इन्हें राजनीति, खेल, मनोरंजगन, टेक्नोलॉजी, ऑटोमोबाइल और बिजनेस से जुड़ी काफी न्यूज लिखना, पढ़ना काफी पसंद है। इन्होंने इन सभी सेक्शन को बड़े पैमाने पर कवर किया है और पाठकों लिए बेहद शानदार रिपोर्ट पेश की है। दीपक दिल्लीवार, पिछले 5 साल से IBC24 न्यूज पोर्टल पर लीडर के तौर पर काम कर रहे हैं। इन्हें अपनी डेडिकेशन और अलर्टनेस के लिए जाना जाता है। इसी की वजह से वो पाठकों के लिए विश्वसनीय जानकारी के सोर्स बने हुए हैं। वो, निष्पक्ष, एनालिसिस बेस्ड और मजेदार समीक्षा देते हैं, जिससे इनकी फॉलोवर की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। काम के इतर बात करें, तो दीपक दिल्लीवार को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है। वो हेल्दी वर्क लाइफ बैलेंस करने में यकीन रखते हैं।"