वाशिंगटन, 16 जुलाई (एपी) अमेरिका के उपराष्ट्रपति जे. डी. वेंस ने कहा कि जेफ्री एप्स्टीन से जुड़ी फाइलों को लेकर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का प्रशासन जनता के सामने सही और स्पष्ट तरीके से जानकारी पेश करने में ‘‘पूरी तरह’’ विफल रहा।
बुधवार को प्रसारित जो रोगन के लंबे ‘पॉडकास्ट’ साक्षात्कार में वेंस ने इस मामले के लिए मुख्य रूप से पूर्व अटॉर्नी जनरल पैम बॉन्डी को जिम्मेदार ठहराया। बॉन्डी ने पहले दावा किया था कि एप्स्टीन की कथित ‘‘क्लाइंट लिस्ट’’ (ग्राहकों की सूची) ‘‘अभी मेरी मेज पर रखी है।’’
एप्स्टीन एक दोषी यौन अपराधी था, जिसके दुनिया की कई प्रभावशाली हस्तियों से संबंध थे।
बॉन्डी के इस बयान के अलावा उनके कार्यकाल में न्याय विभाग ने कुछ रूढ़िवादी टिप्पणीकारों और सोशल मीडिया ‘इन्फ्लुएंसर्स’ को ‘‘द एपस्टीन फाइल्स: फेज-1’’ और ‘‘डिक्लासिफाइड’’ (गोपनीय श्रेणी से हटाकर सार्वजनिक किए दस्तावेज) शीर्षक वाली फाइल भी उपलब्ध करायी थीं।
वेंस ने कहा, ‘‘मैं बॉन्डी को जानता हूं। मैं उन्हें पसंद करता हूं। मुझे नहीं लगता कि उन्होंने जानबूझकर कुछ गलत किया। मेरा मानना है कि वह उस समय के राजनीतिक माहौल के मुताबिक प्रतिक्रिया देने की कोशिश कर रही थीं। लेकिन मुझे लगता है कि उन्होंने हमारे पास उपलब्ध जानकारी और जो जानकारी हमारे पास नहीं थी, दोनों के बारे में बढ़ा-चढ़ाकर दावा किया।।’’
उन्होंने कहा कि इसका परिणाम यह हुआ कि बॉन्डी को सार्वजनिक रूप से ‘‘कड़ी आलोचना’’ का सामना करना पड़ा और लोगों का एप्स्टीन फाइलों को लेकर प्रशासन की पारदर्शिता पर भरोसा भी कम हो गया।
वेंस ने कहा, ‘‘एपस्टीन फाइल्स को लेकर हमने लोगों तक जानकारी पहुंचाने के मामले में पूरी तरह गड़बड़ी की। इसमें कोई दो राय नहीं है। लेकिन क्या मुझे लगता है कि हमने ऐसा इसलिए किया क्योंकि हम कुछ छिपाना चाहते थे? नहीं।’’
पिछले वर्ष एप्स्टीन फाइल्स का विवाद लंबे समय तक ट्रंप प्रशासन के लिए परेशानी का कारण बना रहा। अंततः सांसदों ने एक प्रस्ताव पारित किया, जिसके तहत सरकार को एप्स्टीन की जांच से जुड़े अपने पास मौजूद बड़ी संख्या में दस्तावेज सार्वजनिक करने पड़े।
न्याय विभाग ने दिसंबर के अंत में इन दस्तावेजों को जारी करना शुरू किया। इनमें तस्वीरें, कॉल लॉग, ग्रैंड जूरी के समक्ष गवाही और पूछताछ के प्रतिलेख शामिल थे।
एपी गोला प्रशांत
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