यूक्रेन ने रूस के प्राकृतिक गैस संयंत्र, उपग्रह संचार केंद्रों को निशाना बनाया
यूक्रेन ने रूस के प्राकृतिक गैस संयंत्र, उपग्रह संचार केंद्रों को निशाना बनाया
कीव, 24 जून (एपी) यूक्रेन के सुरक्षा बलों ने देर रात रूस पर हमले में एक प्रमुख प्राकृतिक गैस प्रसंस्करण संयंत्र और दो महत्वपूर्ण उपग्रह संचार केंद्रों को निशाना बनाया। यूक्रेन के जनरल स्टाफ ने बुधवार को यह जानकारी दी।
यह अभियान यूक्रेन की उस हवाई रणनीति का हिस्सा है, जिसके तहत वह रूस की ऊर्जा अवसंरचना और सैन्य उद्योगों को निशाना बना रहा है। यह अभियान ऐसे समय में तेज हुआ है, जब कीव रूस के आक्रमण का मुकाबला करने के लिए अधिक क्षमता वाले और लंबी दूरी के उन्नत हथियार विकसित कर रहा है।
यूक्रेन के जनरल स्टाफ ने ‘टेलीग्राम’ पर जारी बयान में कहा कि रातभर किए गए हमले में ओरेनबर्ग गैस प्रसंस्करण संयंत्र को निशाना बनाया गया, जो उस परिसर का हिस्सा है जहां रूस का एकमात्र हीलियम संयंत्र भी स्थित है। बयान के अनुसार, हमले के बाद पूरे परिसर में आग लग गई।
जनरल स्टाफ के अनुसार, यह संयंत्र दुनिया के सबसे बड़े गैस संकुल में से एक है। इसमें हीलियम का उत्पादन होता है, जिसका इस्तेमाल तरल ईंधन रॉकेट इंजन और गाइडेंस सिस्टम में किया जाता है। इसमें इथेन भी बनता है, जो ठोस रॉकेट ईंधन और गनपाउडर जैसी चीज़ें बनाने में एक अहम घटक है।
जनरल स्टाफ के बयान की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो पाई है।
जनरल स्टाफ के अनुसार, रातभर किए गए हमलों में रूसी सेना द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले दो उपग्रह संचार केंद्रों को भी निशाना बनाया गया। इनमें से एक मॉस्को के पास स्थित दुबना स्पेस कम्युनिकेशंस सेंटर था, जिसे रूस का सबसे बड़ा भू-आधारित उपग्रह संचार परिसर बताया गया है, जबकि दूसरा रूसी राजधानी के पूर्व में स्थित व्लादिमीर क्षेत्र में था।
वहीं, रूस के रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि रूसी सेना ने रात भर में यूक्रेन के 323 ड्रोन मार गिराए।
यूक्रेन की वायु सेना ने कहा कि रूस ने रात भर में लंबी दूरी तक हमला करने वाले 101 ड्रोन छोड़े।
एपी आशीष माधव
माधव

Facebook


