नयी दिल्ली, 31 मार्च (भाषा) जेटवर्क मैन्युफैक्चरिंग बिजनेसेज ने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के जरिये 4,000 करोड़ से 5,000 करोड़ रुपये जुटाने के लिए बाजार नियामक सेबी के समक्ष गोपनीय मार्ग से शुरुआती दस्तावेज दाखिल किए हैं।
सूत्रों के अनुसार, प्रस्तावित निर्गम में नए शेयर और बिक्री पेशकश (ओएफएस) शामिल होगी।
कंपनी ने मंगलवार को जारी सार्वजनिक सूचना में कहा कि उसने प्रस्तावित आईपीओ के संबंध में आईपीओ दस्तावेज (डीआरएचपी) भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड (सेबी) के समक्ष और शेयर बाजारों के समक्ष दाखिल किए हैं।
जेटवर्क ने गोपनीय मार्ग से दस्तावेज दाखिल किए हैं जिससे कंपनी दस्तवेजों का मसौदा सार्वजनिक किए बिना सेबी से शुरुआती प्रतिक्रिया प्राप्त कर सकती है। आईपीओ की तैयारी और बाजार परिस्थितियों के अनुसार मजबूती बनाए रखने के लिए कंपनियां इस मार्ग को तेजी से अपना रही हैं।
सूत्रों के मुताबिक, कंपनी प्रस्तावित आईपीओ के जरिये 4,000 करोड़ से 5,000 करोड़ रुपये जुटाने की योजना बना रही है।
जेटवर्क एक प्रौद्योगिकी-सक्षम विनिर्माण मंच संचालित करती है जो ऊर्जा, इलेक्ट्रॉनिक्स, रक्षा, वैमानिकी और पूंजीगत वस्तु जैसे क्षेत्रों में औद्योगिक मांग को आपूर्तिकर्ताओं एवं निर्माण इकाइयों के नेटवर्क से जोड़ता है। कंपनी औद्योगिक आपूर्ति और कच्चे माल की खरीद के लिए भी एक मंच चलाती है।
भाषा निहारिका अजय
अजय