Chhattisgarh Sushasan Tihar 2026 / Image Source : SOCIAL MEDIA
रायपुर : Chhattisgarh Sushasan Tihar 2026 मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सरगुजा जिले के मैनपाट क्षेत्र की चेराजोबला बस्ती में पेयजल समस्या से संबंधित समाचार पर त्वरित संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन को तत्काल आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने आज सुबह समाचार पत्रों का अवलोकन करते समय “नाला और ढोढ़ी के दूषित जल पर आज भी निर्भर हैं वनवासी” शीर्षक से प्रकाशित खबर को गंभीरता से लिया और सरगुजा कलेक्टर अजीत वसंत को फोन कर प्रभावित बस्ती में शीघ्र पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि दूरस्थ वनांचल क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को मूलभूत सुविधाओं से वंचित नहीं रहने दिया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि चेराजोबला बस्ती में पेयजल संकट की स्थिति का तत्काल स्थलीय निरीक्षण कर आवश्यकतानुसार हैंडपंप खनन, वैकल्पिक पेयजल व्यवस्था और दीर्घकालिक समाधान की दिशा में प्राथमिकता के साथ कार्रवाई की जाए।मुख्यमंत्री साय ने कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री साय ने यह भी कहा कि विशेष पिछड़ी जनजातियों के निवास वाले क्षेत्रों में पेयजल, सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं की नियमित समीक्षा की जाए। CM Vishnu Deo Sai उन्होंने कहा कि शासन का उद्देश्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उनका वास्तविक लाभ ज़मीन पर सुनिश्चित करना है। गौरतलब हैं कि, प्रदेश में आयोजित सुशासन तिहार के अंतर्गत लगाए जा रहे जनसमस्या निवारण शिविर आम नागरिकों के लिए राहत का प्रभावी माध्यम बनकर उभर रहे हैं। इन शिविरों में लोगों की समस्याओं का त्वरित और संतोषजनक समाधान सुनिश्चित किया जा रहा है, जिससे आमजन को शासकीय सेवाओं का लाभ उनके गांव के समीप ही मिल रहा है।
इसी क्रम में बलरामपुर जिले के विकासखंड बलरामपुर अंतर्गत ग्राम महाराजगंज में आयोजित शिविर में राधाकृष्णनगर निवासी गौतम सरदार को उनकी लंबे समय से लंबित समस्या से राहत मिली। वे अपने राशन कार्ड में बच्चों के नाम जुड़वाने के लिए काफी समय से प्रयासरत थे, लेकिन उन्हें बार-बार दफ्तरों के चक्कर लगाने पड़ रहे थे। ग्राम पंचायत स्तर पर आयोजित बैठकों के माध्यम से शिविर की जानकारी मिलने पर वे अपनी समस्या लेकर शिविर में पहुंचे। यहां आवेदन प्रस्तुत करने के पश्चात संबंधित अधिकारियों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उनके राशन कार्ड में बच्चों के नाम जोड़ दिए।
अपनी खुशी व्यक्त करते हुए गौतम सरदार ने कहा कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि उनकी समस्या का समाधान इतनी जल्दी हो जाएगा। उन्होंने बताया कि इस पहल से उनका समय और श्रम दोनों की बचत हुई है तथा उन्हें अनावश्यक भटकना नहीं पड़ा। उन्होंने शासन-प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया।प्रदेश सरकार की मंशा है कि सुशासन तिहार के माध्यम से आम नागरिकों की समस्याओं का समाधान उनके घर के नजदीक ही सुनिश्चित किया जाए। प्रशासन द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और प्रत्येक हितग्राही को समयबद्ध सेवाएं मिलें।