रायपुर: Raipur News: प्रदेशभर में 28 जुलाई से हड़ताल पर बैठे तहसीलदारों और नायब तहसीलदारों ने अपनी हड़ताल समाप्त कर दी है। यह फैसला राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा से सकारात्मक वार्ता के बाद लिया गया जिसमें पांच प्रमुख मांगों पर सहमति बनी है। Tehsildar Strike in CG
Tehsildar Strike in CG: तहसीलदार संघ द्वारा 17 सूत्रीय मांगों को लेकर यह आंदोलन शुरू किया गया था। हड़ताल के चलते राजस्व विभाग के कई कामकाज ठप हो गए थे जिससे आम जनता को भी परेशानियों का सामना करना पड़ा। राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा से प्रतिनिधिमंडल की बैठक के बाद तहसीलदारों ने हड़ताल खत्म करने की घोषणा की।
Tehsildar Strike in CG: मंत्री वर्मा ने कहा की हम उनकी मांगों पर सहमत हैं, लेकिन यह एक प्रक्रिया है। फिलहाल कोई मांग पूरी नहीं हुई है लेकिन सरकार गंभीरता से विचार कर रही है और जल्द निर्णय लिए जाएंगे। हड़ताल खत्म होने के बाद अब राजस्व विभाग के कामकाज में फिर से गति आने की उम्मीद है।
"तहसीलदार हड़ताल" 28 जुलाई 2025 से शुरू हुई थी। यह हड़ताल राज्यभर में तहसीलदारों और नायब तहसीलदारों द्वारा की गई थी।
"तहसीलदार हड़ताल" की मुख्य मांगें क्या थीं?
"तहसीलदार हड़ताल" की कुल 17 मांगें थीं, जिनमें से वेतन विसंगति दूर करना, पदोन्नति नियमों में बदलाव, और कार्यदबाव में कमी प्रमुख थीं।
"तहसीलदार हड़ताल" क्यों समाप्त की गई?
"तहसीलदार हड़ताल" राजस्व मंत्री टंकाराम वर्मा से सकारात्मक वार्ता के बाद समाप्त की गई, जिसमें सरकार ने 5 प्रमुख मांगों पर सहमति जताई।
क्या सरकार ने "तहसीलदार हड़ताल" की सभी मांगें मान ली हैं?
नहीं, अभी तक सरकार ने सिर्फ विचार करने की सहमति दी है, कोई मांग औपचारिक रूप से पूरी नहीं हुई है। लेकिन विचार प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है।
"तहसीलदार हड़ताल" समाप्त होने से जनता को क्या लाभ होगा?
"तहसीलदार हड़ताल" समाप्त होने के बाद अब राजस्व संबंधी कार्य जैसे नामांतरण, नक्शा, खसरा, जाति/आवास प्रमाण पत्र आदि तेजी से होंगे, जिससे जनता को राहत मिलेगी।