Rajasthan Government Action. Image Source- IBC24
जयपुर। Rajasthan Government Action: राजस्थान में सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए भ्रष्टाचार अब भारी पड़ता नजर आ रहा है। राज्य सरकार ने बीते डेढ़ वर्ष के दौरान भ्रष्टाचार, लापरवाही और अनुशासनहीनता के मामलों में व्यापक कार्रवाई करते हुए सैकड़ों अधिकारियों और कर्मचारियों को दंडित किया है। सरकार की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक 20 अधिकारियों और कर्मचारियों को सेवा से बर्खास्त किया गया है, जबकि 332 को निलंबन का सामना करना पड़ा है।
Rajasthan Government Action: बता दें कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार सख्त रुख अपनाए हुए हैं। सरकार का कहना है कि प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई का सिलसिला आगे भी जारी रहेगा। सरकार की ओर दी गई जानकारी के मुताबिक अब तक 108 मामलों में अभियोजन स्वीकृति दी जा चुकी है, जबकि 570 से अधिक मामलों की जांच विभिन्न एजेंसियों और विभागों के स्तर पर जारी है। जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ विभागीय और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सरकारी सूत्रों के अनुसार कार्रवाई की जद में छोटे कर्मचारियों से लेकर वरिष्ठ अधिकारी भी आए हैं। बर्खास्त किए गए अधिकारियों में एक आरएएस अधिकारी का नाम भी शामिल है।
सरकार ने भ्रष्टाचार के मामलों में सेवानिवृत्त अधिकारियों के खिलाफ भी सख्त रुख अपनाया है। 17 अधिकारियों और कर्मचारियों की पूरी पेंशन रोक दी गई है, जबकि कुछ मामलों में सेवानिवृत्ति लाभों पर भी रोक लगाई गई है। इससे स्पष्ट संकेत गया है कि सेवा समाप्त होने के बाद भी भ्रष्टाचार के मामलों में राहत नहीं मिलेगी। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का कहना है कि जनता के कार्यों में अनावश्यक बाधा डालने, पद का दुरुपयोग करने या निजी लाभ के लिए सरकारी जिम्मेदारियों की अनदेखी करने वाले किसी भी कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। उनका मानना है कि सुशासन की नींव ईमानदार और जवाबदेह प्रशासन पर ही टिकी होती है। सरकार की इस कार्रवाई के बाद विभिन्न विभागों में सतर्कता बढ़ी है।