डॉ. प्रतिभा राय, लख्मी खिलाणी और अब्दुस समद को साहित्य अकादमी की महत्तर सदस्यता प्रदान करने की घोषणा

Ads

डॉ. प्रतिभा राय, लख्मी खिलाणी और अब्दुस समद को साहित्य अकादमी की महत्तर सदस्यता प्रदान करने की घोषणा

  •  
  • Publish Date - March 31, 2026 / 03:29 PM IST,
    Updated On - March 31, 2026 / 03:29 PM IST

नयी दिल्ली, 31 मार्च (भाषा) डॉ. प्रतिभा राय (उड़िया), लख्मी खिलाणी (सिंधी) तथा अब्दुस समद (उर्दू) को साहित्य अकादमी की महत्तर सदस्यता प्रदान की जाएगी।

साहित्य अकादमी की सामान्य परिषद की 30 मार्च 2026 को हुई बैठक में महत्तर सदस्यता प्रदान करने के प्रस्ताव को अनुमोदित किया गया।

साहित्य अकादमी द्वारा मंगलवार को यहां जारी एक विज्ञप्ति में यह जानकारी दी गयी।

साहित्य अकादमी महत्तर सदस्यता, भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के अधीन कार्यरत साहित्य अकादमी द्वारा प्रदान किया जाने वाला सर्वोच्च साहित्यिक सम्मान है।

यह एक दुर्लभ सम्मान है, जो सामान्यतः भारतीय साहित्य की अमर विभूतियों के लिए आरक्षित है।

विज्ञप्ति में बताया गया कि पद्म भूषण से अलंकृत डॉ. प्रतिभा राय एक विख्यात उड़िया लेखिका, विदुषी हैं। उनके सृजन का भंडार पचास से अधिक कृतियों का विशाल संग्रह है। उनके दीर्घ एवं गौरवपूर्ण साहित्यिक जीवन में उन्हें पद्म भूषण, ज्ञानपीठ पुरस्कार, साहित्य अकादमी पुरस्कार तथा सारला पुरस्कार सहित अनेक सम्मान, पुरस्कार एवं अभिनंदन प्राप्त हुए हैं।

इसी प्रकार, लख्मी खिलाणी (लख्मीचंद भीर्योमल खिलाणी) एक प्रतिष्ठित सिंधी कथाकार, नाटककार, अनुवादक, संपादक एवं विद्वान हैं। उनकी प्रकाशित रचनाओं में दो दर्जन से अधिक कृतियाँ तथा असंख्य लेख सम्मिलित हैं। उन्हें साहित्य अकादमी पुरस्कार तथा साहित्य अकादमी अनुवाद पुरस्कार सहित अन्य अनेक सम्मान प्राप्त हुए हैं।

बयान में बताया गया कि अब्दुस समद एक प्रख्यात उर्दू लेखक एवं कवि हैं। उनके सृजन का कोश दो दर्जन से अधिक कृतियों का समृद्ध भंडार है। उन्हें साहित्य अकादमी पुरस्कार, ग़ालिब पुरस्कार, भारतीय भाषा परिषद पुरस्कार तथा उर्दू अकादमी के ‘लाइफ़ टाइम अचीवमेंट’ पुरस्कार प्राप्त हो चुके हैं।

साहित्य अकादमी द्वारा इन विभूतियों को यह महत्तर सदस्यता एक विशेष समारोह में बाद में प्रदान की जाएगी।

भाषा नरेश नरेश दिलीप

दिलीप