इंफाल, 26 सितंबर (भाषा) मणिपुर में नगा जनजातियों की शीर्ष संस्था यूनाइटेड नगा काउंसिल (यूएनसी) ने शनिवार को राज्य में राष्ट्रीय राजमार्गों पर चार महीने से जारी आर्थिक नाकेबंदी को समाप्त कर दिया।
एक अधिकारी ने बताया कि मणिपुर में मौजूदा कानून-व्यवस्था की स्थिति और शांति बहाली के उपायों को लेकर गुवाहाटी में यूनाइटेड नगा काउंसिल (यूएनसी), राज्य सरकार और केंद्र सरकार के प्रतिनिधिमंडलों के बीच हुई बातचीत के बाद यह फैसला लिया गया।
यूएनसी ने एक बयान में कहा, ‘शनिवार को गुवाहाटी में मणिपुर सरकार, भारत सरकार और यूनाइटेड नगा काउंसिल (यूएनसी) के बीच हुई त्रिपक्षीय वार्ता में बनी सहमति के बाद परिषद ने 26 सितंबर को शाम छह बजे से जारी आर्थिक नाकेबंदी को स्थगित करने की घोषणा की है।’
परिषद ने आंदोलन के दौरान सभी संबंधित लोगों के सहयोग और एकजुटता की भी सराहना की।
कांगपोकपी जिले के लीलोन वैफेई गांव से छह लियांगमाई नगा नागरिकों के अपहरण के बाद मई में इंफाल को दीमापुर से जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग-2 और राष्ट्रीय राजमार्ग-37 पर नाकेबंदी शुरू की गई थी। उनके शव 10 जून को बरामद किए गए थे।
इस नाकेबंदी से राज्य में आवश्यक वस्तुओं की ढुलाई बुरी तरह प्रभावित हुई थी और सामानों की कीमतों में वृद्धि हुई थी।
भाषा
शुभम पवनेश
पवनेश