Indore Mahakal Sawari | Photo Credit: IBC24
इंदौर: Indore Mahakal Sawari उज्जैन की तर्ज पर अब इंदौर में भी महाकाल की भव्य सवारी (Mahakal Sawari) का आयोजन किया गया। इंदौर के नीलकंठ महादेव मंदिर (Neelkanth Mahadev Temple) से निकली इस दिव्य यात्रा में बड़ी संख्या में युवा और जेन जी के लोग शामिल हुए। आयोजन का उद्देश्य युवाओं को धर्म और सनातन संस्कृति से जोड़ना बताया जा रहा है।
Indore Mahakal Sawari यात्रा के आयोजक सूरज रजक का कहना है कि आज की जेन जी को अपनी धार्मिक और सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ना जरूरी है। इसी सोच के साथ महाकाल की सवारी को भव्य स्वरूप दिया गया, ताकि अधिक से अधिक युवा इसमें शामिल हों और सनातन परंपराओं को करीब से समझें।
आयोजकों के मुताबिक, उज्जैन में निकलने वाली महाकाल की सवारी में बड़ी संख्या में इंदौरवासी शामिल होना चाहते हैं, लेकिन कई बार समय या अन्य कारणों से उज्जैन नहीं पहुंच पाते। ऐसे में इंदौर में ही महाकाल की सवारी का आयोजन किया गया, ताकि शहर के लोग भी इस धार्मिक आयोजन का हिस्सा बन सकें।
दिल्ली में हुए जेन जी आंदोलन के बाद युवाओं को सनातन संस्कृति से जोड़ने को लेकर भी इस तरह के आयोजनों को एक माध्यम के तौर पर देखा जा रहा है। आयोजकों का मानना है कि युवा पीढ़ी को धर्म, संस्कृति और परंपराओं से जोड़कर समाज को सही दिशा दी जा सकती है।
महाकाल की सवारी में युवाओं की भागीदारी को आयोजक इसी मुहिम की अहम कड़ी बता रहे हैं। अब सवाल यह है कि क्या ऐसे धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन जेन जी को उनकी परंपराओं से जोड़ने में प्रभावी भूमिका निभा पाएंगे।