कोरबा। कोरबा में हाथियों का उत्पात जारी है। बैगामार इलाके में हाथियों ने सात मवेशियों की जान ले ली। इस घटना के बाद से इलाके के लोग दहशत में हैं। वन विभाग घटनास्थल पर पहुंचकर मौके का मुआयना कर पीड़ित किसानों को सहायता राशि प्रदान करने की बात कह रही है।
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आपको बतादें कोरबा, पत्थलगांव, जशपुर, बलरामपुर में हाथियों का दल कहर बरपा रहा है। हाथियों ने यहां फसलों के साथ लोगों के घरों को भी भारी नुकसान पहुंचाया है। हाथियों से बचने लोग रतजगा करने को मजबूर हैं। आलम यह कि लोग रात के समय बच्चों को गोद में लेकर रतजगा कर रहे हैं। ताकि हाथियों का हमला होने पर बच्चों को फौरन घर से बाहर निकाला जा सके।
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आपको बतादें महीनें भर में ही हाथियों के हमले से दर्जनों लोगों की मौत हो चुकी है। हाथियों ने कई घर तबाह कर दिए हैं। कई मवेशी भी हाथियों के हमले का शिकार हुए हैं। वन विभाग हाथियों पर लगाम लगाने में असफल साबित हो रहा है।
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छत्तीसगढ़ सरकार ने हाथियों के हमले रोकने के लिए ट्रेंड हाथियों की मदद से जंगली हाथियों को काबू करने का प्रयास कर रही है। जिसके तहत जंगली अंबिकापुर इलाके में 9 जंगली हाथियों को रेडियो कॉलर लगाने का लक्ष्य रखा गया है। रेडियो कॉलर के जरिए हाथियों की मूवमेंट के मूवमेंट पर नजर रखी जाएगी। कॉलर लगने के बाद हाथियों को ट्रैक कर उन्हें रिहायशी इलाकों से खदेड़ने में आसानी होगी।
वेब डेस्क, IBC24