Vrindavan Boat Accident Death Toll: हादसे के चौथे दिन भी लाशें उगल रही है यमुना.. वृन्दावन नाव दुर्घटना में डूबकर मरने वालो की संख्या पहुंची 15..
Vrindavan Boat Accident Death Toll: वृंदावन नाव हादसे में मौतें 15 पहुंचीं, यमुना से लगातार शव बरामद, सर्च ऑपरेशन जारी, कई लोग अभी भी लापता
Vrindavan Boat Accident Death Toll || Image- Mint File
- वृंदावन नाव हादसे में मरने वालों की संख्या पहुंची
- 15 यमुना नदी से लगातार मिल रहे शव, सर्च ऑपरेशन जारी
- NDRF-SDRF समेत कई टीमें लापता लोगों की तलाश में जुटी
मथुरा: वृन्दावन में नाव पलटने की घटना में मरने वालों की संख्या बढ़कर 15 हो गई है। तलाशी अभियान के दौरान सोमवार यानी आज यमुना नदी से और भी शव बरामद किये गये है। अधिकारियों के मुताबिक, स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के बाद स्वामी घाट से एक महिला का शव बरामद किया गया। (Vrindavan Boat Accident Death Toll) पुलिस मौके पर पहुंची, शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मरने वाले की पहचान मोनिका के रूप में हुई है। तस्वीर परिवार वालों को दिखाई गई जिसे उसके पहचान की पुष्टि हुई।
घटनास्थल के आसपास सर्च ऑपरेशन अभी भी जारी
इस नई बरामदगी के साथ, घटना के बाद लापता बताए गए छह लोगों में से अब तक चार शव मिल चुके हैं। बाकी दो लापता लोगों का पता लगाने के लिए सर्च ऑपरेशन अभी भी जारी है। इससे पहले, रविवार को डिंपी नाम की एक महिला और ऋषभ शर्मा नाम के एक आदमी की लाशें मिली थीं, जबकि शनिवार को मानिक टंडन की लाश यमुना नदी में तैरती हुई मिली थी।
राहत बलों की टीम जुटी सर्च ऑपरेशन में
इससे पहले, एडिशनल डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट (ADM) अमरेश कुमार ने रविवार को बताया था कि नेशनल डिज़ास्टर रिस्पॉन्स फ़ोर्स (NDRF), स्टेट डिज़ास्टर रिस्पॉन्स फ़ोर्स (SDRF), फ्लड पुलिस, फ़ायर ब्रिगेड और लोकल गोताखोरों समेत कई टीमें नदी के अलग-अलग हिस्सों में मिलकर खोज जारी रखे हुए हैं।
अयोध्या में बढ़ाई गई सुरक्षा
इस बीच अयोध्या में भी सुरक्षा को लेकर बढ़ती चिंता के बीच अधिकारियों ने नदी के घाटों पर श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षा के उपाय बढ़ा दिए हैं। (Vrindavan Boat Accident Death Toll) अयोध्या सर्कल ऑफ़िसर (CO) आशुतोष तिवारी ने कहा कि गहरे पानी में नहाने से रोकने और भीड़ की सुरक्षा पक्का करने के लिए घाटों पर बैरिकेडिंग लगा दी गई है। उन्होंने कहा, “अयोध्या धाम आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के लिए, हमारे सभी घाटों को बैरिकेडिंग से सुरक्षित कर दिया गया है ताकि वे गहरे पानी में नहा न सकें।”
10 अप्रैल को सामने आया था हादसा
गौरतलब हैं कि, 10 अप्रैल को मथुरा में केशी घाट के पास यमुना नदी पर बने एक पोंटून पुल से दो दर्जन से ज़्यादा यात्रियों को ले जा रही एक नाव के टकराने के बाद हुए नाव हादसे में दस लोगों की मौत हो गई थी। हादसे के समय नाव में करीब 25 से 27 लोग सवार थे। बचे हुए लापता लोगों को ढूंढने के लिए रेस्क्यू टीमें नदी में सर्च ऑपरेशन जारी रखे हुए हैं।
इन्हें भी पढ़ें:-
कांस्टेबल पर धर्म परिवर्तन और विवाह का दबाव डालने के आरोप में महिला के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज
आशा भोसले से पुस्तक विमोचन कराने की हृदयनाथ मंगेशकर की इच्छा अधूरी रह गई
उत्तर प्रदेश सरकार ने गौतम बुद्ध नगर में श्रमिकों को दोगुना ओवरटाइम भुगतान देने का निर्देश दिया
नारी शक्ति वंदन अधिनियम के जरिये महिलाओं की भागीदारी से मजबूत होगा भारत: शर्मा
वैशाली हारीं, महिला कैंडिडेट्स टूर्नामेंट का मुकाबला हुआ और भी रोमांचक

Facebook


