प्रधानमंत्री राजपक्षे को छोड़ पूरी कैबिनेट ने दिया इस्तीफा, श्री लंका में आर्थिक संकट के बाद अब राजनीतिक उठापटक

देश में जारी आर्थिक संकट के बीच प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति गोतबया राजपक्षे से मुलाकात की। सूत्रों के मुताबिक, इस बैठक ने पीएम के इस्तीफे की अटकलों को और बल दिया। sri lanka crisis: entire cabinet resigned except Prime Minister Rajapaksa

प्रधानमंत्री राजपक्षे को छोड़ पूरी कैबिनेट ने दिया इस्तीफा, श्री लंका में आर्थिक संकट के बाद अब राजनीतिक उठापटक

sri lanka crisis

Modified Date: November 29, 2022 / 08:16 pm IST
Published Date: April 4, 2022 10:24 am IST

नई दिल्ली: sri lanka crisis: श्रीलंका में जारी आर्थिक संकट के बीच पीएम राजपक्षे को पूरे कैबिनेट ने इस्तीफा दे दिया है। वहीं प्रधानमंत्री कार्यालय ने एक बयान जारी कर रविवार को पीएम महिंदा राजपक्षे के इस्तीफे के बारे में सभी अफवाहों का खंडन किया है।

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देश में जारी आर्थिक संकट के बीच प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति गोतबया राजपक्षे से मुलाकात की। सूत्रों के मुताबिक, इस बैठक ने पीएम के इस्तीफे की अटकलों को और बल दिया। इस बैठक के दौरान कई अहम राजनीतिक फैसले लिए जाने की उम्मीद है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, राजपक्षे सरकार अब नई कैबिनेट का गठन करेगी।

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श्रीलंका के शिक्षा मंत्री दिनेश गुणवर्धने ने कहा कि राष्ट्रपति गोटाबाया और पीएम महिंदा राजपक्षे को छोड़कर देश की कैबिनेट ने रविवार को देर रात हुई बैठक में अपने पदों से सामूहिक रूप से इस्तीफा दे दिया है। श्रीलंका के खेल मंत्री नमल राजपक्षे ने ट्विटर पर कहा कि उन्होंने राष्ट्रपति के सचिव को सभी विभागों से उनके इस्तीफे की सूचना ‘तत्काल प्रभाव’ से दे दी है।

श्रीलंका के पूर्व मंत्री विमल वीरावांसा ने भी राष्ट्रपति से मुलाकात की और देश में मौजूदा संकट को हल करने के लिए एक सर्वदलीय अंतरिम सरकार नियुक्त करने का प्रस्ताव रखा।

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बढ़ती मुद्रास्फीति और कमजोर मुद्रा ने श्रीलंका में बुनियादी वस्तुओं की कीमतें आसमान छू ली हैं। एक अभूतपूर्व आर्थिक मंदी के दौर में, द्वीप राष्ट्र में लोग ईंधन, भोजन और दवाइयां खरीदने के लिए घंटों कतार में खड़े हैं। कई बार तो कई खाली हाथ ही चले जाते हैं। या तो दुकान का माल खत्म हो गया है, या उनके पैसे खत्म हो गए हैं।

संकट के मद्देनजर सरकार के खिलाफ जनता का गुस्सा बढ़ता जा रहा है। राजधानी सहित देश के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए हैं, आंदोलनकारियों ने राजपक्षे शासन को आवश्यक वस्तुओं की कमी और लंबे समय तक बिजली की कटौती के लिए दोषी ठहराया है।


लेखक के बारे में

डॉ.अनिल शुक्ला, 2019 से CG-MP के प्रतिष्ठित न्यूज चैनल IBC24 के डिजिटल ​डिपार्टमेंट में Senior Associate Producer हैं। 2024 में महात्मा गांधी ग्रामोदय विश्वविद्यालय से Journalism and Mass Communication विषय में Ph.D अवॉर्ड हो चुके हैं। महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय वर्धा से M.Phil और कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय, रायपुर से M.sc (EM) में पोस्ट ग्रेजुएशन किया। जहां प्रावीण्य सूची में प्रथम आने के लिए तिब्बती धर्मगुरू दलाई लामा के हाथों गोल्ड मेडल प्राप्त किया। इन्होंने गुरूघासीदास विश्वविद्यालय बिलासपुर से हिंदी साहित्य में एम.ए किया। इनके अलावा PGDJMC और PGDRD एक वर्षीय डिप्लोमा कोर्स भी किया। डॉ.अनिल शुक्ला ने मीडिया एवं जनसंचार से संबंधित दर्जन भर से अधिक कार्यशाला, सेमीनार, मीडिया संगो​ष्ठी में सहभागिता की। इनके तमाम प्रतिष्ठित पत्र पत्रिकाओं में लेख और शोध पत्र प्रकाशित हैं। डॉ.अनिल शुक्ला को रिपोर्टर, एंकर और कंटेट राइटर के बतौर मीडिया के क्षेत्र में काम करने का 15 वर्ष से अधिक का अनुभव है। इस पर मेल आईडी पर संपर्क करें anilshuklamedia@gmail.com