जनवरी में मजबूत हुईं देश में विनिर्माण गतिविधियां: पीएमआई

Ads

जनवरी में मजबूत हुईं देश में विनिर्माण गतिविधियां: पीएमआई

  •  
  • Publish Date - February 1, 2021 / 06:25 AM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:57 PM IST

नयी दिल्ली, एक फरवरी (भाषा) कुल बिक्री में तेजी तथा नये निर्यात ऑर्डरों के दम पर जनवरी में भारत के विनिर्माण क्षेत्र की गतिविधियों में तीन महीने की सबसे अच्छी वृद्धि दर्ज की गयी। कंपनियों ने नये ऑर्डरों के चलते जनवरी महीने के दौरान विनिर्माण तेज किया। एक सर्वेक्षण में सोमवार को यह जानकारी दी गयी।

आईएचएस मार्केट का विनिर्माण खरीद प्रबंधक सूचकांक (पीएमआई) जनवरी में बढ़कर 57.7 पर पहुंच गया। यह दिसंबर में 56.4 पर रहा था। यह पिछले तीन महीने की सबसे अच्छी तेजी है।

पीएमआई का 50 से ऊपर रहना बताता है कि गतिविधियों में तेजी आयी है, जबकि 50 से कम पीएमआई गतिविधियों में संकुचन का संकेत देता है।

आईएचएस मार्केट की सहायक निदेशक (अर्थशास्त्र) पॉलियेना डी लीमा ने कहा, ‘‘भारत के विनिर्माण क्षेत्र का पीएमआई जनवरी में सकारात्मक रहा है। देश में कारोबारी धारणा में लगातार छठे महीने सुधार हुआ है और 2020 के मध्य में कोविड-19 संबंधी सुस्ती से अर्थव्यवस्था उबर रही है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘कारखाने लगातार विनिर्माण तेज कर रहे हैं और नये काम मिलने से पता चलता है कि निकट भविष्य में क्षमता बढ़ाने की गुंजाइश है। साल की शुरुआत में नौकरियों में कमी आयी है लेकिन यह कमी पिछले 10 महीने में सबसे कम रही है।’’

मांग में सुधार के बाद भी जनवरी में विनिर्माण क्षेत्र में रोजगार के अवसर कम हुए हैं। जो कंपनियां नियुक्तियां करने से बच रही हैं, उनका कहना है कि वे कार्यबल को न्यूनतम रखने के सरकार के परामर्श को मान रही हैं।

मुद्रास्फीति के मोर्चे पर कीमतों का दबाव बढ़ा है। इसका कारण आपूर्ति श्रृंखला के पक्ष में क्षमता पर आया दबाव है।

इस बीच टीकाकरण की शुरुआत, विपणन के बजट में विस्तार और नियोजित परियोजनाओं से कारोबारी धारणा में सुधार हुआ है। कंपनियों ने कोविड-19 टीके का स्वागत किया है और वृद्धि की संभावनाओं के प्रति अधिक आशावान हो गयी हैं। यह स्थिति निवेश और रोजगार सृजन के लिये अनुकूल है।

भाषा सुमन माधव

माधव