अहमदाबाद, 14 मई (भाषा) अहमदाबाद विमान दुर्घटना में मारे गए लोगों के परिजनों ने हादसे के दौरान अंतिम क्षणों के घटनाक्रम की वास्तविक जानकारी मुहैया कराने के मकसद से विमान के ‘ब्लैक बॉक्स डेटा’ तक पहुंच सुनिश्चित करने की बुधवार को मांग की।
उन्होंने कहा कि हादसे के बाद अब 11 महीने बीत चुके हैं, लेकिन उन्हें अब भी दुर्घटना के कारणों का पता नहीं है।
अहमदाबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से पिछले साल 12 जून को लंदन के लिए उड़ान भरने के कुछ ही समय बाद एअर इंडिया का ‘बोइंग 787-8’ विमान (‘एआई 171’) एक मेडिकल कॉलेज के छात्रावास परिसर में दुर्घटनाग्रस्त हो गया और हादसे में कुल 260 लोग मारे गए।
कुछ परिजनों ने अपनी चिंताओं और मांगों पर चर्चा करने के लिए बुधवार को अहमदाबाद में एक बैठक की।
पीड़ित परिवारों की ओर से पैरवी कर रही कानूनी फर्म के संयोजक कविराज कुलदीप इशरानी ने कहा कि परिजन ‘फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर’ (एफडीआर) और ‘कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर’ (सीवीआर) से प्राप्त डेटा तक पहुंच की मांग कर रहे हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘अहमदाबाद में एआई 171 विमान को दुर्घटनाग्रस्त हुए 11 महीने बीत चुके हैं। पीड़ित परिवारों ने एफडीआर और सीवीआर डेटा की मांग की है। कई परिवार ‘फेडरेशन ऑफ इंडियन पायलट्स’ (एफआईपी) के अध्यक्ष सीएस रंधावा के संपर्क में भी हैं। रंधावा ने विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (एएआईबी) भारत और एएआईबी यूके को पत्र लिखा था।’’
परिजनों की मांग है कि यूके एएआईबी जांच में अधिक सक्रिय भूमिका निभाए और भारत के विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो से डेटा तथा जांच सामग्री उपलब्ध कराई जाए।
उन्होंने कहा, ‘‘अगर परिजनों को अनुमति मिल जाती है, तो वे 12 जून को दुर्घटनास्थल पर दिवंगत आत्माओं के लिए एक धार्मिक अनुष्ठान आयोजित करना चाहते हैं। अगर अनुमति नहीं मिलती है, तो योजना है कि कम से कम 100 परिवार अहमदाबाद में कहीं और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित करेंगे।’’
हादसे के समय दुर्घटनास्थल पर मौजूद अहमदाबाद के फिल्म निर्माता महेश गिरधरभाई कलावड़िया की विमान गिरने से मौत हो गई थी और उनकी पत्नी हेतल प्रजापति ने आरोप लगाया कि नौकरी का वादा अब तक पूरा नहीं किया गया है।
वहीं, एक अन्य परिजन मोहम्मद रफीक ने ‘ब्लैक बॉक्स’ डेटा सार्वजनिक किए जाने की मांग की।
भाषा यासिर नेत्रपाल
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