Akanksha Singh Upsc 301 Rank Controversy : 301वीं रैंक पर मचा बवाल! दो आकांक्षा सिंह आमने-सामने, बारकोड स्कैन होते ही खुल गया पूरा राज

UPSC सिविल सेवा परीक्षा 2025 में 301वीं रैंक को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। गाजीपुर की डॉ. आकांक्षा सिंह और बिहार की एक अन्य अभ्यर्थी दोनों ने इस रैंक पर दावा किया है, जिससे सोशल मीडिया पर फर्जीवाड़े की चर्चा तेज हो गई है।

Akanksha Singh Upsc 301 Rank Controversy : 301वीं रैंक पर मचा बवाल! दो आकांक्षा सिंह आमने-सामने, बारकोड स्कैन होते ही खुल गया पूरा राज

Akanksha Singh Upsc 301 Rank Controversy / Image Source : X

Modified Date: March 7, 2026 / 10:18 pm IST
Published Date: March 7, 2026 9:42 pm IST
HIGHLIGHTS
  • UPSC 2025 की 301वीं रैंक को लेकर दो अभ्यर्थियों का दावा।
  • गाजीपुर की डॉ. आकांक्षा सिंह ने एडमिट कार्ड और बारकोड के आधार पर किया दावा।
  • रोल नंबर और बारकोड की जांच के बाद विवाद ने पकड़ा तूल।

नई दिल्ली : Akanksha Singh Upsc 301 Rank Controversy  यूपीएससी (UPSC) सिविल सेवा परीक्षा 2025 में 301वीं रैंक को लेकर एक हैरान कर देने वाला विवाद सामने आया है। इस रैंक पर दो अलग-अलग अभ्यर्थियों ने अपना दावा पेश किया है, जिनमें से एक गाजीपुर (उत्तर प्रदेश) की डॉ. आकांक्षा सिंह हैं और दूसरी बिहार की एक अभ्यर्थी हैं। इस स्थिति ने सोशल मीडिया पर काफी हलचल मचा दी है और लोग इसे एक बड़ा फर्जीवाड़ा मान रहे हैं।

विवाद की असली जड़

विवाद तब गहरा गया जब गाजीपुर की डॉ. आकांक्षा सिंह ने अपने एडमिट कार्ड और अन्य दस्तावेजों के साथ सामने आकर दावे को पुख्ता करने की कोशिश की। उन्होंने बताया कि वह एक गायनेकोलॉजिस्ट हैं और उन्होंने एम्स (AIIMS) पटना से मास्टर्स किया है। वहीं, बिहार की अभ्यर्थी ने भी मीडिया के सामने अपनी सफलता की कहानी साझा की थी, जिससे भ्रम की स्थिति पैदा हो गई। डॉ. आकांक्षा सिंह ने स्पष्ट किया कि असली हकदार वही हैं और सच्चाई का पता एडमिट कार्ड पर मौजूद बारकोड को स्कैन करने से चल जाएगा।

रोल नंबर और बारकोड का सच

मामले की शुरुआती जांच में एक बड़ा अंतर सामने आया है। गाजीपुर वाली डॉ. आकांक्षा सिंह के एडमिट कार्ड पर जो रोल नंबर 0856794 लिखा है, वही बारकोड स्कैन करने पर भी प्रदर्शित हो रहा है। इसके विपरीत, बिहार वाली आकांक्षा के एडमिट कार्ड पर रोल नंबर तो वही 0856794 है, लेकिन बारकोड स्कैन करने पर उसमें कोई अन्य नंबर दिखाई देता है। शुरुआती जांच में गाजीपुर की डॉ. आकांक्षा सिंह का दावा अधिक मजबूत माना जा रहा है क्योंकि उनका रोल नंबर और बारकोड का विवरण आपस में पूरी तरह मेल खाता है।

इन्हें भी पढ़ेंः-

 

 

 


सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः

लेखक के बारे में

I’m Sneha Singh, a journalist and storyteller committed to ethical, ground-level, and impact-oriented reporting. A Gold Medalist in Journalism & Mass Communication, I believe in telling stories with accuracy, sensitivity, and purpose. Currently working with IBC24, I specialize in content writing, news production, and modern storytelling bridging facts with human experiences to inform, engage, and inspire audiences..