Mohan Cabinet ke Faisle/Image Source: MP DPR
भोपाल: Mohan Cabinet ke Faisle: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में आज मंत्रालय में मोहन कैबिनेट की बैठक सम्पन्न हुई। इस बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा की गई। इस कैबिनेट बैठक में पहली बार ई-कैबिनेट एप्लीकेशन का उपयोग किया गया। मुख्यमंत्री और सभी मंत्री टैबलेट लेकर बैठक में शामिल हुए जिससे प्रस्तावों को डिजिटल माध्यम से प्रस्तुत और स्वीकृत किया जा सका। बैठक में कई फैसलों पर मुहर लगी है।
मोहन कैबिनेट की बैठक खत्म, कई अहम फैसलों पर लगी मुहर #mohancabinet @DrMohanYadav51 @rshuklabjp @CMMadhyaPradesh https://t.co/5TutJEzNnV
— IBC24 News (@IBC24News) January 13, 2026
कैबिनेट ने प्रदेश के शिक्षकों को चतुर्थ समयमान वेतनमान देने के प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान की है। इस फैसले से प्रदेश के करीब 1 लाख 25 हजार शिक्षकों को लाभ मिलेगा और उनके वेतन में हर माह 4 से 5 हजार रुपये तक की बढ़ोतरी होगी। इसके साथ ही कैबिनेट ने संदीपनी विद्यालय योजना के द्वितीय चरण में 200 नए विद्यालयों की स्थापना के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है। इस परियोजना पर करीब 36,060 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इस निर्णय से प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के विस्तार को बल मिलेगा। वहीं, कैबिनेट ने कर्तव्य के दौरान शहीद हुए एएसआई स्व. राम चरण गौतम के परिवार को एक करोड़ रुपये की श्रद्धानिधि प्रदान करने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी है।
Mohan Cabinet ke Faisle: कैबिनेट ने राजगढ़ जिले की मोहनपुरा सिंचाई परियोजना के विस्तारीकरण के लिए 396 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की है। इसके साथ ही रायसेन जिले की सुल्तानपुर सिंचाई परियोजना के लिए 115 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति को भी हरी झंडी दी गई है। वहीं, रायसेन जिले की बारना सिंचाई परियोजना के लिए 386 करोड़ रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति के प्रस्ताव को भी कैबिनेट की मंजूरी मिल गई है। इन परियोजनाओं से संबंधित क्षेत्रों में सिंचाई सुविधा के विस्तार के साथ किसानों को बड़ा लाभ मिलने की उम्मीद है। कैबिनेट बैठक में आबकारी नीति वर्ष 2026-27 के निर्धारण के लिए मंत्रिपरिषद समिति के गठन को भी स्वीकृति प्रदान की गई। यह समिति आगामी आबकारी नीति को अंतिम रूप देने के लिए सुझाव और सिफारिशें प्रस्तुत करेगी।