Donald Trump Truth Social Post: डोनाल्ड ट्रंप आगबबूला.. ईरान के खिलाफ लड़ाई में नहीं कि ब्रिटेन और फ्रांस ने मदद तो कह दी ये बड़ी बात, आप खुद भी पढ़ें

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Donald Trump Truth Social Post: डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई में फ्रांस और यूके की अनिच्छा पर तीखी प्रतिक्रिया दी।

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  • Publish Date - March 31, 2026 / 05:57 PM IST,
    Updated On - March 31, 2026 / 06:00 PM IST

Donald Trump Truth Social Post || Image- associated press file

HIGHLIGHTS
  • ट्रंप ने यूके और फ्रांस को चेतावनी दी
  • ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई में सहयोगी देशों की आलोचना
  • "अब अमेरिका आपकी मदद के लिए नहीं होगा": ट्रंप

वाशिंगटन: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यूनाइटेड किंगडम और फ्रांस को चेतावनी दी है कि “अमेरिका अब आपकी मदद के लिए वहां नहीं होगा,” दरअसल ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई में शामिल होने से इन करीबी सहयोगियों के इनकार पर अपनी नाराज़गी ज़ाहिर की। (Donald Trump Truth Social Post) सोशल मीडिया ‘ट्रुथ’ पर पोस्ट करते हुए ट्रंप ने कहा, “फ्रांस देश ने इज़राइल जा रहे उन विमानों को अपने इलाके के ऊपर से उड़ने की इजाज़त नहीं दी। इनमें सैन्य साज़ो-सामान से लदे हुए थे।”

इन देशों को दिए ये अहम सुझाव

ट्रंप ने आगे लिखा कि, “फ्रांस ‘ईरान के कसाई’ के मामले में बिल्कुल भी मददगार साबित नहीं हुआ, जिसे सफलतापूर्वक खत्म कर दिया गया है! यूएएस इसे याद रखेगा!!!” इसी तरह एक और पोस्ट में राष्ट्रपति ने खास तौर पर यूके की आलोचना की।

ट्रंप ने लिखा, “वे सभी देश जिन्हें होर्मुज़ जलडमरूमध्य की वजह से जेट ईंधन नहीं मिल पा रहा है। जैसे कि यूनाइटेड किंगडम, जिसने ईरान के खात्मे में शामिल होने से इनकार कर दिया था। उनके लिए मेरे पास एक सुझाव है। नंबर 1, यूएस से खरीदें, हमारे पास बहुत है और नंबर 2, थोड़ी हिम्मत जुटाएं, जलडमरूमध्य तक जाएं, और बस उसे ले लें।”

“अपना तेल खुद हासिल करें” डोनाल्ड ट्रंप

डोनाल्ड ट्रंप ने ने आखिर में कहा, “आपको अपने लिए लड़ना सीखना होगा। अमेरिका  अब आपकी मदद के लिए वहां नहीं होगा, ठीक वैसे ही जैसे आप हमारे लिए वहां नहीं थे। (Donald Trump Truth Social Post) ईरान, असल में, पूरी तरह से तबाह हो चुका है। मुश्किल काम हो चुका है। जाएं और अपना तेल खुद हासिल करें!”

ट्रंप ने उन यूरोपीय सहयोगियों के प्रति अपनी नाराज़गी ज़ाहिर की है जिन्होंने ईरान के खिलाफ U.S. और इज़राइल के सैन्य अभियान में हिस्सा लेने से इनकार कर दिया था – खासकर तब, जब उन्होंने होर्मुज़ जलडमरूमध्य को अंतरराष्ट्रीय जहाज़रानी के लिए फिर से खोलने के प्रयासों में शामिल होने को लेकर अपनी आशंकाएं ज़ाहिर की थीं।

ईरान के ऊर्जा ठिकानों को तबाह करने की दी धमकी

मध्य-एशिया में फैले तनाव के बीच अमेरिका ने एक बार फिर से ईरान को बड़ी धमकी दी है। डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया ट्रुथ पर पोस्ट करते हुए लिखा है कि, अगर ईरान ने बार बार के चेतावनी के बाद भी अगर होर्मुज़ जलडमरूमध्य को व्यापार के लिए नहीं खोला तो इसके परिणाम भयावह होंगे। हालांकि उन्होंने यह कि, युद्ध को विराम देने के लिए वह प्रयासरत है और ईरान के साथ गंभीर बातचीत कर रहा है।

क्या लिखा डोनाल्ड ट्रंप ने?

सोशल मीडिया ट्रुथ पर ट्रंप ने लिखा, “संयुक्त राज्य अमेरिका एक ‘नए और ज़्यादा समझदार’ शासन के साथ गंभीर बातचीत कर रहा है, (Donald Trump Truth Social Post) ताकि ईरान में हमारे सैन्य अभियान खत्म किए जा सकें। इसमें काफ़ी प्रगति हुई है, लेकिन अगर किसी भी वजह से जल्द ही कोई समझौता नहीं हो पाता है।”

ट्रंप ने आगे जिक्र किया कि, “हालांकि इसकी पूरी संभावना है कि समझौता हो जाएगा और अगर होर्मुज़ जलडमरूमध्य तुरंत “व्यापार के लिए नहीं खुलता” है, तो हम ईरान में अपने इस “सुहाने प्रवास” का अंत, उनके सभी बिजली पैदा करने वाले संयंत्रों, तेल के कुओं और खर्ग द्वीप (और शायद सभी विलवणीकरण संयंत्रों!) को बम से उड़ाकर और पूरी तरह से तबाह करके करेंगे; जिन्हें हमने जान-बूझकर अभी तक “हाथ नहीं लगाया” है।” अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा कि, “यह हमारे उन अनेक सैनिकों और अन्य लोगों की मौत का बदला होगा, जिन्हें ईरान ने पुराने शासन के 47 साल के “आतंक के राज” के दौरान बेरहमी से मार डाला था। इस मामले पर ध्यान देने के लिए आपका धन्यवाद।”

ईरान ने किया तेल-टैंकर पर बड़ा हमला!

मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच एक और बड़े हमले की खबर सामने आई है। दुबई के पास कुवैत के तेल टैंकर अल-सल्मी पर ईरान द्वारा हमला किए जाने की खबर है। इस हमले के बाद टैंकर में भीषण आग लग गई, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। (Donald Trump Truth Social Post) शुरुआती रिपोर्ट्स के मुताबिक यह हमला समुद्री मार्ग पर हुआ, जो अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए बेहद अहम माना जाता है।

किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई

हालांकि राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई है। टैंकर पर मौजूद क्रू मेंबर्स को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। आग इतनी तेज थी कि दूर से धुएं का गुबार साफ देखा जा सकता था। सुरक्षा एजेंसियां और फायर टीम मौके पर पहुंचकर आग बुझाने की कोशिश में जुट गईं। इस हमले ने एक बार फिर मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।

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1. डोनाल्ड ट्रंप ने ब्रिटेन और फ्रांस की आलोचना क्यों की?

ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई में मदद न करने पर ब्रिटेन और फ्रांस की आलोचना की।

2. ट्रंप ने यूरोपीय देशों को क्या सलाह दी?

ट्रंप ने यूरोपीय देशों को अपना तेल खुद हासिल करने और अमेरिका से खरीदने की सलाह दी।

3. ट्रंप ने ईरान के बारे में क्या कहा?

ट्रंप ने कहा कि ईरान अब पूरी तरह से तबाह हो चुका है और मुश्किल काम खत्म हो चुका है।

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