इस साल अब तक 72 संगठनों को एफसीआरए मंजूरी मिली है : सरकारी आंकड़ा

Ads

इस साल अब तक 72 संगठनों को एफसीआरए मंजूरी मिली है : सरकारी आंकड़ा

  •  
  • Publish Date - July 1, 2026 / 10:49 PM IST,
    Updated On - July 1, 2026 / 10:49 PM IST

नयी दिल्ली, एक जुलाई (भाषा) राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़ा ‘सेवा भारती’, ‘प्रोजेक्ट मुंबई’ और ‘हरे कृष्ण मूवमेंट’ उन 72 स्वयंसेवी समूहों में शामिल हैं, जिन्होंने इस साल विदेशी अंशदान विनियमन अधिनियम (एफसीआरए), 2010 के तहत विदेशी चंदा पाने के लिए पंजीकरण कराया है। सरकारी आंकड़ों से यह जानकारी मिली है।

काकीनाडा स्थित सेवा भारती को विदेशी चंदा प्राप्त करने के लिए ‘‘आर्थिक, शैक्षिक और सामाजिक’’ उद्देश्यों वाली श्रेणी के तहत पंजीकृत किया गया है। ये संगठन ‘ब्लड बैंक’ चलाता है और आपदा राहत में मदद पहुंचाने एवं शिक्षा के क्षेत्र में सक्रिय है।

आंकड़ों से पता चलता है कि गृह मंत्रालय ने अलग-अलग श्रेणी के तहत विदेशी चंदा पाने के लिए 72 संगठनों को मंजूरी दी है।

‘प्रोजेक्ट मुंबई’ की वेबसाइट के अनुसार, ये संगठन मुंबई और मुंबई महानगर क्षेत्र में सामाजिक बदलाव लाने के लिए सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल पर काम करता है। ये संगठन स्वच्छ पेयजल, मानसिक स्वास्थ्य और जरूरतमंदों के लिए भोजन उपलब्ध कराने के साथ-साथ समावेशिता को बेहतर बनाने का काम करता है।

सरकारी वेबसाइट के अनुसार, ‘हरे कृष्ण मूवमेंट इंडिया’ धार्मिक (हिंदू), सांस्कृतिक, आर्थिक, शैक्षिक और सामाजिक श्रेणियों के तहत पंजीकृत है, जो ‘‘ग्रामीण समुदायों के वंचित बच्चों’’ को सशक्त बनाने की दिशा में काम करता है।

केंद्र सरकार ने हाल ही में एफसीआरए नियम, 2011 में कई बदलावों की घोषणा की है। इन बदलावों का मकसद भारत में गैर-सरकारी संगठनों (एनजीओ) और संस्थाओं द्वारा विदेशी धन प्राप्त करने और उसके इस्तेमाल को लेकर जवाबदेही को और सख्त बनाना है।

भाषा शफीक सुरेश

सुरेश