शिक्षक की पिटाई से जान गंवाने वाले दलित बच्चे का अंतिम संस्कार किया गया |

शिक्षक की पिटाई से जान गंवाने वाले दलित बच्चे का अंतिम संस्कार किया गया

शिक्षक की पिटाई से जान गंवाने वाले दलित बच्चे का अंतिम संस्कार किया गया

: , August 14, 2022 / 11:15 PM IST

जोधपुर (राजस्थान), 14 अगस्त (भाषा) राजस्थान के जालोर जिले में एक स्कूल शिक्षक द्वारा कथित रूप से बुरी तरह से पीटने की वजह से जान गंवाने वाले नौ वर्षीय दलित बच्चे का रविवार को उसके गांव में तनाव के बीच अंतिम संस्कार कर दिया गया, जहां कुछ ‘बाहरी लोगों’ ने पुलिस पर पथराव किया।

अधिकारियों ने बताया कि बच्चे के दाह संस्कार से पहले, परिवार के सदस्य और अधिकारी मुआवजे को लेकर बातचीतत कर रहे थे, तभी कुछ ‘बाहरी लोगों’ ने हस्तक्षेप करने का प्रयास किया और शव को छीनने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने इस प्रयास को नाकाम कर दिया।

जालोर जिले के सुराणा गांव स्थित निजी स्कूल सरस्वती विद्या मंदिर में तीसरी कक्षा के छात्र इंद्र मेघवाल ने पेयजल के मटके को कथित रूप से छू लिया था, जिसके बाद 20 जुलाई को कथित तौर पर उसकी पिटाई की थी और अहमदाबाद के एक अस्पताल में शनिवार को उसकी मौत हो गई।

पुलिस ने 40-वर्षीय अध्यापक चैल सिंह को गिरफ्तार कर लिया है और उस पर हत्या और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराओं के तहत आरोप लगाए हैं।

इस घटना पर विभिन्न राजनीतिक दलों ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने स्कूल के मालिक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, जबकि बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख मायावती ने राजस्थान में राष्ट्रपति शासन की मांग की है।

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी घटना की निंदा की और कहा कि दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए।

अधिकारियों ने कहा कि जालोर के जिलाधिकारी निशांत जियान और पुलिस अधीक्षक (एसपी) हर्षवर्धन अग्रवाल की मौजूदगी में बच्चे का उसके गांव में अंतिम संस्कार कर दिया गया।

दोनों अधिकारियों ने पीड़ित परिवार के सदस्यों के साथ गांव में उनके घर पर बैठक भी की।

एसपी ने कहा, “मुख्यमंत्री की घोषणा के तहत पांच लाख रुपये का चेक परिवार को पहले ही दिया जा चुका है। परिवार एससी/एसटी नियमों के तहत और आठ लाख रुपये के मुआवजे का हकदार है। यह राशि अगले सप्ताह परिवार को उपलब्ध करा दी जाएगी।”

पुलिस ने कहा कि कुछ ‘बाहरी लोगों’ ने परिवार और प्रशासन के बीच बातचीत में हस्तक्षेप की कोशिश की और परिवार को 50 लाख रुपये के मुआवजे और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी की मांग करने के लिए उकसाया।

पुलिस के अनुसार, ‘बाहरी तत्वों’ ने बच्चे का शव परिवार से छीनने का प्रयास किया। पुलिस ने कहा कि इस दौरान, उन्होंने पुलिस पर पथराव भी शुरू कर दिया, लेकिन जल्द ही उन्हें नियंत्रित कर लिया गया और खदेड़ दिया गया।

अधिकारियों ने बताया कि किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए बच्चे के गांव में पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई है।

इस बीच, बच्चे के पिता और शिक्षक के बीच बातचीत की कथित ऑडियो क्लिप वायरल हो गई है। क्लिप में सुना जा सकता है कि पिता बच्चे की पिटाई करने को लेकर शिकायत कर रहे हैं जबकि शिक्षक उसका इलाज कराने और मुआवजा देने का आश्वासन दे रहा है।

एक कथित वीडियो भी वायरल हुआ है, जिसमें बच्चे के पिता देवाराम भीम आर्मी जैसे संगठनों से उनका समर्थन करने की अपील करते नजर आ रहे हैं।

भाषा नोमान सुरेश

सुरेश

 

(इस खबर को IBC24 टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)