आरडब्ल्यूए अध्यक्ष की हत्या मामले में दिल्ली पुलिस को एआई से मिली मदद, तीन लोग गिरफ्तार

आरडब्ल्यूए अध्यक्ष की हत्या मामले में दिल्ली पुलिस को एआई से मिली मदद, तीन लोग गिरफ्तार

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  • Publish Date - January 20, 2026 / 06:26 PM IST,
    Updated On - January 20, 2026 / 06:26 PM IST

नयी दिल्ली, 20 जनवरी (भाषा) दिल्ली पुलिस ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) तकनीक का इस्तेमाल करके शालीमार बाग में दिनदहाड़े हुई एक महिला की हत्या का मामला सुलझा लिया है। तकनीक की मदद से धुंधले सीसीटीवी फुटेज में आरोपियों की तस्वीर को और साफ किया गया, जिससे बिहार के तीन लोगों की पहचान हुई और उन्हें गिरफ्तार किया गया। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों में से एक लंबे समय से फरार अपराधी भी शामिल है। उसने ही रेजिडेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) की अध्यक्ष रचना यादव (44) की हत्या की साजिश रची थी।

पुलिस के अनुसार, रचना उन आरोपियों के खिलाफ गवाही देने वाली थीं जिन्होंने 2023 में उनके पति बिजेंद्र यादव की हत्या की थी।

पुलिस के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि मामले की जांच के दौरान घटनास्थल और आसपास के इलाकों के सीसीटीवी फुटेज की गुणवत्ता खराब होने से काफी मुश्किलें आईं।

उन्होंने बताया, ‘‘सीसीटीवी फुटेज की गुणवत्ता सुधारने के लिए एआई तकनीक का इस्तेमाल किया गया और शूटरों की स्पष्ट तस्वीरें प्राप्त की गईं, जिससे एक आरोपी की पहचान हरियाणा के पानीपत निवासी निखिल के रूप में हुई।’’

रचना यादव की 10 जनवरी को उनके घर के पास गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने इस संबंध में निखिल (22), सुमित (23) और भारत यादव (33) को गिरफ्तार किया है।

विशेष पुलिस आयुक्त (कानून व्यवस्था) रवींद्र सिंह यादव ने बताया कि घटना वाले दिन पूर्वाह्न करीब 11 बजे पुलिस नियंत्रण कक्ष (पीसीआर) को फोन आया। उन्होंने बताया कि पुलिस टीम ने पूर्वी शालीमार बाग इलाके के एक पार्क के पास महिला को गंभीर रूप से घायल अवस्था में पाया। उन्होंने बताया कि महिला के माथे पर गोली लगने के निशान थे। इसी के साथ घटनास्थल के पास से एक कारतूस और गोली का एक टुकड़ा बरामद किया गया।

उन्होंने बताया कि जांच में सामने आया कि यह हत्या स्वरूप नगर-बुराड़ी रोड पर स्थित 250 वर्ग गज के एक प्लॉट को लेकर जारी विवाद से जुड़ी थी। पुलिस के अनुसार, बिजेंद्र यादव और भारत यादव ने इस संपत्ति विवाद को लेकर एक दूसरे को धमकियां भी दी थीं।

आरोपियों में शामिल भारत यादव को बिजेंद्र यादव की हत्या के मामले में पहले ही भगोड़ा अपराधी करार दिया गया था और उसकी गिरफ्तारी पर 20,000 रुपये का इनाम घोषित था। पुलिस के अनुसार, रचना यादव अपने पति की हत्या के मामले में अभियोजन पक्ष की प्रमुख गवाह थीं और मुकदमे की सक्रिय रूप से पैरवी कर रही थीं।

पुलिस के अनुसार, सूचना के आधार पर हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और बिहार में छापेमारी की गई। इसके बाद पुलिस ने निखिल और भारत यादव को बिहार के कटिहार जिले से पकड़ लिया। यह कार्रवाई केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) और स्थानीय बिहार पुलिस के संयुक्त अभियान में की गई।

पुलिस ने बताया कि पूछताछ के दौरान निखिल ने सुमित का नाम उजागर किया जिसने कथित तौर पर अपराध के समय मोटरसाइकिल चलाई थी। इसके बाद सुमित को पानीपत से गिरफ्तार किया गया।

भाषा प्रचेता सुरभि

सुरभि