जयशंकर ने श्रीलंका, बांग्लादेश, कनाडा, तंजानिया, रवांडा के समकक्षों से मुलाकात की

जयशंकर ने श्रीलंका, बांग्लादेश, कनाडा, तंजानिया, रवांडा के समकक्षों से मुलाकात की

: , June 23, 2022 / 07:02 PM IST

किगाली (रवांडा), 23 जून (भाषा) विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शुक्रवार से यहां शुरू हो रहे राष्ट्रमंडल शिखर सम्मेलन से इतर श्रीलंका, बांग्लादेश, कनाडा, तंजानिया और रवांडा के अपने समकक्षों से बृहस्पतिवार को मुलाकात की।

जयशंकर राष्ट्रमंडल शासनाध्यक्षों की 26वीं बैठक (चोगम) में भाग लेने के लिए चार दिवसीय यात्रा पर बुधवार को यहां पहुंचे। वह 24-25 जून को 54 देशों के ब्लॉक के शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का प्रतिनिधित्व करेंगे।

उन्होंने चोगम शिखर सम्मेलन से पूर्व विदेश मंत्रियों की बैठक में भाग लिया और ट्वीट किया, ‘चोगम 2022 से इतर समकक्षों के साथ मिलकर अच्छा लगा। यहां तंजानियाई विदेश मंत्री लिबर्टा मुलामुला, कनाडाई विदेश मंत्री मेलानी जोली, श्रीलंका के विदेश मंत्री जी.एल. पेइरिस और बांग्लादेश के विदेश मंत्री डॉ. एके अब्दुल मोमेन के साथ मुलाकात हुई।’

जयशंकर ने कनाडा की विदेश मंत्री मेलानी जोली के साथ द्विपक्षीय बैठक की और राष्ट्रमंडल, यूक्रेन संघर्ष तथा हिंद-प्रशांत क्षेत्र सहित अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान किया।

उन्होंने अपने ट्वीट में कहा, ‘कनाडा की विदेश मंत्री मेलानी जोली के साथ एक खुली और सार्थक बातचीत। हम हमारे महत्वपूर्ण द्विपक्षीय संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए और अधिक निकटता से काम करने पर सहमत हुए। राष्ट्रमंडल, यूक्रेन संघर्ष और हिंद-प्रशांत सहित अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान किया। संपर्क में रहने को लेकर उत्सुक हैं।’

इससे पहले, उन्होंने रवांडा के विदेश मंत्री विन्सेंट बिरुटा से मुलाकात की और इस दौरान उन्होंने शुक्रवार से शुरू होने वाले राष्ट्रमंडल शिखर सम्मेलन के एजेंडे पर चर्चा की तथा क्षेत्रीय घटनाक्रम पर विचारों का आदान-प्रदान किया।

जयशंकर ने ट्वीट किया, ‘मेरे मेजबान समकक्ष रवांडा के विदेश मंत्री विन्सेंट बिरुटा से मुलाकात कर दिन की शुरुआत की। द्विपक्षीय सहयोग की समीक्षा की और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 2018 यात्रा के बाद हुई संबंधित प्रगति पर चर्चा की। राष्ट्रमंडल एजेंडे पर चर्चा की और रवांडा में सफल शिखर सम्मेलन की कामना की। क्षेत्रीय घटनाक्रम पर विचारों का आदान-प्रदान किया।’

छब्बीसवें चोगम शिखर सम्मेलन का विषय ‘एक साझा भविष्य प्रदान करना: जुड़ाव, सुधार, परिवर्तन’ है।

कोविड​​​​-19 महामारी के कारण चोगम को पहले दो बार स्थगित कर दिया गया था।

बुधवार को, जयशंकर ने केन्या के विदेश मामलों के कैबिनेट सचिव रेशेल ओमामो से मुलाकात की और यूक्रेन में संघर्ष के प्रभाव एवं द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा की।

जयशंकर ने ट्वीट किया, ‘केन्या के मेरे दोस्त रेशेल ओमामो से मिलकर बहुत अच्छा लगा। हमारी चर्चा खाद्य, ईंधन और उर्वरक सुरक्षा पर यूक्रेन संघर्ष के प्रभाव पर केंद्रित रही।’

उन्होंने लिखा, ‘संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में हमारे चल रहे सहयोग की पुन: पुष्टि की।’

जयशंकर ने बेलीज के अपने समकक्ष से भी मुलाकात की। उन्होंने ट्वीट किया, ‘रवांडा में चोगम 2022 के दौरान बेलीज के विदेश मंत्री इमोन कर्टेन से मिलकर खुशी हुई।’

उन्होंने ट्वीट किया, ‘भारतीय मदद से निर्मित इंजीनियरिंग केंद्र को लेकर खुशी व्यक्त की। भारत महामारी के खिलाफ वैश्विक लड़ाई में टीके उपलब्ध कराना जारी रखेगा।’

राष्ट्रमंडल के सदस्य देशों के नेता समकालीन प्रासंगिकता के मुद्दों पर विचार-विमर्श करेंगे जिनमें जलवायु परिवर्तन, खाद्य सुरक्षा, स्वास्थ्य मुद्दों जैसी वैश्विक चुनौतियों और बाल देखभाल एवं सुरक्षा सुधार पर किगाली घोषणा सहित कई दस्तावेजों को अपनाए जाने की संभावना है।

भाषा नेत्रपाल नरेश

नरेश

 

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