जी के प्रबंध निदेशक पुनीत गोयनका ने कहा, कंपनी की सुरक्षा, भविष्य के लिए कदम उठाते रहेंगे

जी के प्रबंध निदेशक पुनीत गोयनका ने कहा, कंपनी की सुरक्षा, भविष्य के लिए कदम उठाते रहेंगे

Edited By: , October 14, 2021 / 11:43 PM IST

(शीर्षक में पदनाम- प्रबंध निदेशक करते हुए रिपीट)

नयी दिल्ली, 14 अक्टूबर (भाषा) जी एंटरटेनमेंट के सबसे बड़े शेयरधारक इनवेस्को के साथ बढ़ते टकराव के बीच मीडिया कंपनी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी और प्रबंध निदेशक पुनीत गोयनका ने बृहस्पतिवार को कहा कि वह जी एंटरटेनमेंट के निदेशक मंडल के मार्गदर्शन में कंपनी और उसके भविष्य की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाते रहेंगे।

इनवेस्को ने गोयनका को उनके पद से हटाने की मांग की है।

कंपनी के बोर्डरूम में घमासान शुरू होने के लगभग एक महीने बाद अपनी चुप्पी तोड़ते हुए, गोयनका ने रिलायंस इंडस्ट्रीज के पहले प्रस्तावित सौदे को सार्वजनिक नहीं करने के लिए कॉरपोरेट शासन को लेकर इनवेस्को पर उंगली उठाते हुए उसकी मंशा पर सवाल उठाया।

गोयनका ने एक बयान में कहा, ‘इनवेस्को ने पहले अपनी योजनाओं को सार्वजनिक क्यों नहीं किया? क्या अच्छा कॉरपोरेट शासन केवल कॉरपोरेट पर लागू होता है, उनके संस्थागत निवेशकों पर नहीं?’

ओएफआई ग्लोबल चाइना फंड एलएलसी के साथ इनवेस्को की जी एंटरटेनमेंट एंटरप्राइजेज लिमिटेड (जेडईईएल) में 17.88 प्रतिशत हिस्सेदारी है और वह गोयनका को हटाने तथा अपने नामितों लोगों की कंपनी के निदेशक मंडल में नियुक्ति सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा के लिए एक असाधारण आम बैठक (ईजीएम) बुलाने के लिए दबाव डाल रही है।

गोयनका के अनुसार, इनवेस्को के साथ लड़ाई यह सुनिश्चित करने के लिए है कि जीईईएल को वृद्धि के अपार अवसर मिलते रहें और वह मीडिया एवं मनोरंजन क्षेत्र में एक ज्यादा मजबूत कंपनी बने।

उन्होंने कहा कि वह किसी को भी जीईईल के भविष्य को प्रभावित करने या शेयरधारकों मूल्य को कम करने नहीं देंगे जिसका कंपनी वर्षों से निर्माण करती रही है।

गोयनका ने कहा, ‘मेरा व्यवहार किसी बुरी प्रकृति की लड़ाई में शामिल नहीं होना है। इस तरह की लड़ाइयों से कानूनी विशेषज्ञों ही सबसे अच्छे तरीके से निपटते हैं। मैं केवल इस कंपनी के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए संघर्ष कर रहा हूं, न कि अपने पद के लिए।’

गोयनका ने कहा कि रिलायंस के साथ सौदे पर बात हुई थी और जिसे अंजाम नहीं दिया जा सका, उसे इनवेस्को द्वारा आगे बढ़ाया गया था, और बाद में उन्होंने ‘कंपनी के सभी हितधारकों के हित में सच्चाई को सामने लाने’ के लिए जीईईएल के निदेशक मंडल के सामने तथ्य प्रस्तुत किए।

उन्होंने कहा, ‘मैं इनवेस्को के रुख को स्वीकार करता हूं लेकिन ऐसे प्रस्तावों से संबंधित संचार हमेशा बेहतर तरीके से हाते हैं और वे इसके उलट चीजों को रख रहे हैं। मैं भी बहुत सारी बातें रख सकता हूं लेकिन मेरा यह मानना है कि मैं ऐसा सही समय पर और सही जगह पर करूंगा।’

गोयनका ने और जानकारी ना देते हुए कहा कि कंपनी के वकील जो जरूरी होगा, वह अदालत में करेंगे।

गौरतलब है कि बुधवार को इनवेस्को ने कहा था कि उसने जीईईएल और रिलायंस के बीच एक संभावित सौदा कराने कोशिश की थी लेकिन कम मूल्यांकन पर समझौता तय करने या लेनदेन के लिए कोई दबाव नहीं डाला था।

इससे एक दिन पहले गोयनका ने इनवेस्को पर इस साल फरवरी में एक बड़े भारतीय समूह (रणनीतिक समूह) के स्वामित्व वाली कंपनी और कुछ संस्थाओं के साथ विलय के लिए एक प्रस्ताव लाने का आरोप लगाया था।

वहीं रिलायंस इंडस्ट्रीज ने बुधवार को कहा था कि उसने कुछ महीने पहले जी एंटरटेनमेंट के साथ अपनी मीडिया संपत्तियों के विलय का प्रस्ताव रखा था लेकिन संस्थापकों की हिस्सेदारी को लेकर मतभेदों के बाद उसने इस प्रस्ताव को छोड़ दिया था।

भाषा जतिन रमण

रमण