कर्नाटक : सिद्धारमैया ने उपचुनाव में मुस्लिम प्रत्याशी खड़े करने को लेकर जनता दल (सेक्यूलर) की मंशा पर उठाए सवाल

कर्नाटक : सिद्धारमैया ने उपचुनाव में मुस्लिम प्रत्याशी खड़े करने को लेकर जनता दल (सेक्यूलर) की मंशा पर उठाए सवाल

Edited By: , October 9, 2021 / 05:40 PM IST

मैसुरु, नौ अक्टूबर (भाषा) कांग्रेस नेता सिद्धारमैया ने सिंडगी और हंगल विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव के लिए मुस्लिम उम्मीदवार उतारने के पीछे जनता दल (सेक्यूलर) की मंशा पर एक बार फिर सवाल उठाते हुए शनिवार को कहा कि जद (एस) का इरादा ठीक नहीं है और वे अल्पसंख्यकों को जिताना नहीं बल्कि ऐसा कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की मदद करना चाहते हैं।

सिद्धारमैया ने एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘मुझे इस बारे में कुछ नहीं पता। यह सवाल जद(एस) के नेता एच डी कुमारस्वामी से पूछा जाना चाहिए, लेकिन उनका इरादा ठीक नहीं है, क्योंकि उनका इरादा अल्पसंख्यकों को जिताना नहीं बल्कि हराना है। यदि उनका इरादा अल्पसंख्यकों की जीत सुनिश्चित करने का होता, तो वे पार्टी का गढ़ माने जाने वाले रामनगर, हासन और मांड्या जैसे अन्य निर्वाचन क्षेत्रों में मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट दे सकते थे।’’

कांग्रेस नेता ने संवाददाताओं से बातचीत के दौरान दावा करते हुए कहा कि चुनाव के दौरान जद (एस) अल्पसंख्यक उम्मीदवारों को अपने मजबूत गढ़ में टिकट नहीं देता है, बल्कि वे ऐसा केवल उपचुनाव के दौरान करते हैं।

कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा,‘‘ जद(एस) के नेता जो कुछ भी करने की कोशिश कर रहे हैं, वे ऐसा नहीं कर पाएंगे। क्योंकि मतदाता बुद्धिमान होते हैं और उनके बहकावे में नहीं आएंगे।’’

गौरतलब है कि जद(एस) ने सिंडगी सीट से 33 वर्षीय स्नातकोत्तर नाज़िया शकील अहमद अंगदी को उम्मीदवार घोषित किया है जबकि हंगल सीट से 35 वर्षीय कम्प्यूटर इंजीनियर नियाज़ शेख को चुनावी मैदान में उतारा है। इन दोनों सीटों पर उपचुनाव 30 अक्टूबर को होंगे।

सिद्धारमैया सहित कांग्रेस के अन्य नेताओं का आरोप है कि जद (एस) ने जानबूझकर अल्पसंख्यक उम्मीदवारों को हंगल और सिंडगी उपचुनावों में भाजपा की मदद करने के लिए खड़ा किया है। पूर्व मुख्यमंत्री कुमारस्वामी ने कांग्रेस नेताओं के इन आरोपों को खारिज करते हुए तीखी प्रतिक्रियाएं व्यक्त की है।

उपचुनाव में कांग्रेस की जीत पर भरोसा जताते हुए सिद्धारमैया ने दावा किया कि लोग राज्य और केंद्र दोनों की भाजपा सरकारों से निराश हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘ भाजपा ने कर्नाटक को स्वर्ग बनाने का वादा किया था, लेकिन वे राज्य को नरक बना चुके हैं। राज्य की जनता भाजपा की इस सरकार से तंग आ गयी है, क्योंकि भाजपा के शासनकाल में राज्य में कोई विकास कार्य नहीं हो रहा है।’’

सिंडगी से जद (एस) विधायक एम सी मनागुली और हंगल से भाजपा के विधायक सी एम उदासी के निधन के बाद ये दोनों सीटें खाली होने के कारण उपचुनाव कराना जरूरी हो गया है।

खुद के राष्ट्रीय राजनीति में जाने की खबरों को सिरे से खारिज करते हुए सिद्धारमैया ने कर्नाटक की राजनीति नहीं छोड़ने की बात दोहराई और कहा, ‘‘आपको किसने कहा कि मैं राष्ट्रीय राजनीति में जा रहा हूं? मैं राज्य की राजनीति छोड़कर राष्ट्रीय राजनीति में नहीं जाऊंगा।’’

दरअसल, सिद्धारमैया ने हाल में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की थी, जिसके बाद उनके राष्ट्रीय राजनीति में जाने को लेकर कयास लगाए जा रहे थे।

भाषा

रवि कांत उमा

उमा