Hanuman Jayanti 2026 Date: आपकी हर परेशानी बजरंगबली करेंगे दूर, हनुमान जयंती पर करें ये एक खास उपाय

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Hanuman Jayanti 2026 Date: हिंदू धर्म में हनुमान जयंती अत्यंत पावन पर्व है। यह भगवान हनुमान के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है, जो शक्ति, भक्ति और साहस का प्रतीक है। इस दिन सच्चे मन से की गई पूजा और छोटे उपाय जीवन की बड़ी परेशानियां दूर कर सकती है।

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  • Publish Date - March 31, 2026 / 04:31 PM IST,
    Updated On - March 31, 2026 / 04:32 PM IST

(Hanuman Jayanti 2026 Date/ Image Credit: IBC24 News)

HIGHLIGHTS
  • हनुमान जयंती भगवान हनुमान के जन्मोत्सव के रूप में मनाई जाती है।
  • हनुमान जी शक्ति, भक्ति, साहस और निस्वार्थ सेवा के प्रतीक हैं।
  • हनुमान चालीसा और सुंदरकांड का पाठ करने से संकट दूर होते हैं।

Hanuman Jayanti Ke Upay: हिंदू धर्म में हनुमान जयंती का पर्व अत्यंत शुभ और पवित्र माना जाता है। इसे भगवान हनुमान के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। हनुमान जी शक्ति, भक्ति, साहस और निस्वार्थ सेवा के प्रतीक हैं। गोस्वामी तुलसीदास जी की पंक्तियां ‘संकट कटे मिटे सब पीरा, जो सुमिरै हनुमत बलबीरा’ इस बात का साक्षात प्रमाण हैं कि हनुमान जी हर संकट को दूर करने में समर्थ हैं। इस बार साल 2026 में हनुमान जयंती गुरूवार 2 अप्रैल को मनाई जाएगी।

हनुमान चालीसा और सुंदरकांड का पाठ

इस पावन दिन हनुमान चालीसा का पाठ करना अत्यंत शुभ माना जाता है। भक्त इसे 1, 3 या 7 बार पढ़ सकते हैं। इसके अलावा, सुंदरकांड का पाठ करने से भी जीवन में सकारात्मक परिवर्तन और मन की शांति मिलती है। ज्योतिष के अनुसार, हनुमान जयंती के दिन किए गए ये पाठ भक्तों के लिए विशेष कल्याणकारी प्रभाव डालते हैं।

तुलसी के पत्तों और दीपक का महत्व

हनुमान जी को तुलसी के पत्ते अर्पित करने से मनोकामनाएं पूरी होने की मान्यता है। शाम के समय घर में सरसों के तेल का दीपक जलाने से सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह बढ़ता है और घर वातावरण शांत और मंगलकारी बनता है। ये छोटे-छोटे उपाय भक्तों के लिए अत्यंत लाभकारी माना जाता है।

शनि दोष और कष्टों से मुक्ति

ज्योतिष के अनुसार, हनुमान जी की पूजा शनि दोष और अन्य ग्रहों के नकारात्मक प्रभाव को कम करने में सहायक होती है। साथ ही, बिगड़ते काम बनने लगते हैं और जीवन की परेशानियां धीरे-धीरे खत्म होती हैं। भक्त हनुमान जी को सिंदूर और चमेली का तेल अर्पित कर हनुमान चालीसा का पाठ कर सकते हैं। ऐसा करने से हनुमान जी प्रसन्न होते हैं और भक्तों की सारी समस्याएं दूर होती है।

धार्मिक महत्व

हनुमान जी भगवान राम के परम भक्त और संकटमोचक माने जाते हैं। धार्मिक मान्यता है कि आज भी वे जीवित हैं और अपने भक्तों की हर संकट के समय रक्षा करते हैं। हनुमान जयंती के दिन पूजा और उपाय करने से भय, रोग, शत्रु बाधा, कर्ज और मानसिक तनाव से मुक्ति मिलती है। इस दिन की भक्ति और श्रद्धा से जीवन में सुख, समृद्धि और शांति आती है।

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हनुमान जयंती कब मनाई जाएगी?

2026 में हनुमान जयंती 2 अप्रैल, गुरुवार को मनाई जाएगी।

हनुमान जयंती का क्या धार्मिक महत्व है?

यह पर्व भगवान हनुमान के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। हनुमान जी संकटमोचन हैं और उनकी पूजा से भय, रोग, शत्रु बाधा और मानसिक तनाव दूर होता है।

इस दिन कौन-कौन से उपाय किए जा सकते हैं?

हनुमान चालीसा और सुंदरकांड का पाठ, तुलसी के पत्ते अर्पित करना, दीपक जलाना, भोग लगाना, सिंदूर और चमेली तेल अर्पित करना।

हनुमान जी की पूजा से शनि दोष कम होता है क्या?

हां, ज्योतिष के अनुसार हनुमान जी की पूजा शनि दोष और अन्य ग्रहों के नकारात्मक प्रभाव को कम करने में सहायक होती है।