ताई के पसंदीदा को मिली टिकट, अब तक नहीं लड़ा पार्षद से बड़ा चुनाव, सिंधी समाज को प्रतिनिधित्व देने बीजेपी ने खेला बड़ा दांव

Reported By: Deepak Yadav, Edited By: Rupesh Sahu

Published on 21 Apr 2019 10:24 PM, Updated On 21 Apr 2019 10:24 PM

इंदौर । लोकसभा सीट पर सस्पेंस को खत्म करते हुए आखिरकार भाजपा ने अपने प्रत्याशी के तौर पर शंकर ललवानी के नाम की घोषणा कर दी है। सुमित्रा महाजन के चुनाव नहीं लड़ने के फैसले के बाद से ही कयास लगाए जा रहे थे कि इंदौर में ताई की पसंद को ही तवज्जो दी जाएगी। बता दें कि मध्यप्रदेश की आर्थिक राजधानी में भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय के नाम से लेकर महापौर मालिनी गौड़, विधायक रमेश मेंदौला से लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तक के नाम की चर्चा थी। हालांकि पार्टी ने सिंधी समाज के प्रतिनिधित्व को ध्यान में रखते हुए शंकर लालवानी को प्रत्याशी बनाया है।

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बता दें कि शंकर ललवानी ने अब तक पार्षद से बड़ा चुनाव नहीं लड़ा है। लेकिन संगठन में उनकी अच्छी पकड़ रही है। शंकर ललवानी तीन बार पार्षद रहने के साथ ही निगम के सभापति और पांच साल तक इंदौर भाजपा के नगर अध्यक्ष रहे है। वहीं, हाल ही में इंदौर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष रहे हैं । शंकर ललवानी ताई के खास होने के साथ ही पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के भी काफी करीबी है। शंकर ललवानी एक मात्र सिंधी प्रत्याशी है, जिसे भाजपा ने टिकट दिया है।

Web Title : Larger election than the councilor not yet fought Big Bits played by BJP to represent Sindhi society

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