Chhattisgarh Teacher Recruitment 2026 || Image- AI Generated
रायपुरः छत्तीसगढ़ में शिक्षक भर्ती को लेकर एक बड़ा अपडेट सामने आया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने शिक्षक के 5000 पदों पर तत्काल भर्ती के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि इस भर्ती को लेकर अफसर और विभाग फरवरी तक विज्ञापन जारी करें। (Chhattisgarh Teacher Bharti 2026 Big Update) उन्होंने समय सीमा में नियुक्ति पूर्ण करने के भी निर्देश देते हुए कहा कि शिक्षक भर्ती-2023 की प्रतीक्षा सूची की मान्यता नहीं बढ़ेगी।
वही प्रदेश के शिक्षामंत्री ने भी इस बहुप्रतीक्षित भर्ती को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी दी है। उन्होंने बताया है कि, सरकार भर्तियों को लेकर पूरी तरह से गंभीर है। उन्होंने बताया कि, अगले महीने यानी फरवरी में भर्ती परीक्षा से संबंधित विज्ञापन जारी किये जायेंगे। जून माह तक प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी जबकि आगामी शिक्षा सत्र से पहले शिक्षकों की नियुक्ति हो जाएगी
बता दें कि, इससे पहले हुई बैठक में शिक्षक भर्ती परीक्षा–2023 से जुड़े विषयों पर भी चर्चा की गई। इस दौरान यह निर्णय लिया गया कि परीक्षा–2023 की प्रतीक्षा सूची की मान्यता नहीं बढ़ाई जाएगी, ताकि पिछले वर्षों में उत्तीर्ण युवाओं को भी शासकीय सेवा में आने का मौका दिया जा सके। (Chhattisgarh Teacher Bharti 2026 Big Update) मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस दिशा में सभी आवश्यक कदम तेज़ी से उठाए जाएंगे।
बता दें कि प्रदेश में 3 साल बाद शिक्षक भर्ती हो रही है। पिछली सरकार के कार्यकाल में 14 हजार पदों की घोषणा हुई थी, जिनमें से करीब 10 हजार शिक्षकों की ही नियुक्ति हो पाई थी। अब नई भर्ती से हजारों युवाओं को रोजगार मिलने की उम्मीद है।
राज्य की 30,700 प्राथमिक शालाओं में औसतन 21.84 बच्चे प्रति शिक्षक हैं और 13,149 पूर्व माध्यमिक शालाओं में 26.2 बच्चे प्रति शिक्षक हैं, जो कि राष्ट्रीय औसत से कहीं बेहतर है। हालांकि 212 प्राथमिक स्कूल अभी भी शिक्षक विहीन हैं और 6,872 प्राथमिक स्कूलों में केवल एक ही शिक्षक कार्यरत है। पूर्व माध्यमिक स्तर पर 48 स्कूलों में शिक्षक नहीं हैं और 255 स्कूलों में केवल एक शिक्षक है। 362 स्कूल ऐसे भी हैं जहां शिक्षक तो हैं, लेकिन एक भी छात्र नहीं है। (Chhattisgarh Teacher Bharti 2026 Big Update) इसी तरह शहरी क्षेत्र में 527 स्कूलों में छात्र-शिक्षक अनुपात 10 या उससे कम है। 1,106 स्कूलों में यह अनुपात 11 से 20 के बीच है। 837 स्कूलों में यह अनुपात 21 से 30 के बीच है। लेकिन 245 स्कूलों में यह अनुपात 40 या उससे भी ज्यादा है, यानी छात्रों की दर्ज संख्या के अनुपात में शिक्षक कम हैं।
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